February 26, 2025
Uttar Pradesh

महाकुंभ पहुंचे जापानी श्रद्धालु बोले- गंगा में डुबकी लगाकर मिली शांति

Japanese devotees who reached Mahakumbh said – found peace by taking a dip in Ganga

महाकुंभ, 26 फरवरी । संगम नगरी प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ का अंतिम स्नान महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर होगा। उससे पहले ही संगम में स्नान करने के लिए देश-विदेश से श्रद्धालु लगातार प्रयागराज पहुंच रहे हैं। अब तक 60 करोड़ से ज्यादा लोग स्नान कर चुके हैं। इनमें जापान से आए वे श्रद्धालु भी हैं जिन्होंने मंगलवार को न्यूज एजेंसी आईएएनएस से बातचीत की।

जापान से आईं महिला श्रद्धालु अकीको ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि यहां आ मैं रोमांचित महसूस कर रही हूं। मैं बहुत आश्चर्यचकित हूं कि इतने सारे लोग यहां आए हुए हैं। मुझे सबसे ज्यादा खुशी गंगा में डुबकी लगाकर मिली है।

उन्होंने कहा, “मैं महाकुंभ में किए गए सरकार के कामों से काफी प्रभावित हुई हूं। मैं अब से 10 दिन पहले तक महाकुंभ के बारे में ज्यादा नहीं जानती थी, लेकिन मेरे दोस्तों ने यहां आने के लिए कहा। यहां इतने सारे लोग इकट्ठा हुए हैं और यह वाकई बहुत खास है, क्योंकि 144 साल बाद हो रहा है। मैं यहां की ऊर्जा से बहुत ही आश्चर्यचकित हूं।”

ताकाहितो ओकामोटो ने कहा, “मैं जापान के टोक्यो शहर से आया हूं। मैं पहली बार महाकुंभ आयोजन में शामिल हुआ हूं और यहां बहुत सारे लोग भी आए हैं, मैं यह देखकर बहुत ही उत्साहित हूं। यहां बहुत ही शांति है। मैं सिर्फ इतना ही कहूंगा कि मुझे भारत से प्यार है।”

प्रयागराज की पावन धरती पर चल रहे महाकुंभ 2025 का समापन महाशिवरात्रि पर्व के साथ होगा। भक्ति, आस्था और श्रद्धा के इस महासंगम को व्यवस्थित और सुरक्षित बनाने के लिए मेला क्षेत्र के पुलिस प्रबंधन ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

महाशिवरात्रि के अंतिम स्नान पर्व में भीड़ प्रबंधन को लेकर 25 फरवरी से मेला क्षेत्र और प्रयागराज में नो-व्हीकल जोन लागू कर दिया गया है, ताकि श्रद्धालुओं को स्नान और दर्शन का अवसर निर्बाध रूप से मिल सके।

मेला पुलिस के अनुसार, 25 फरवरी 2025 को मेला क्षेत्र को अपराह्न 4:00 बजे से नो-व्हीकल जोन घोषित किया गया है, जबकि प्रयागराज कमिश्नरेट को सायंकाल 6:00 बजे से नो-व्हीकल जोन बनाया जाएगा।

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