सोमवार देर रात सिरसा जिले में लंबे समय से चल रही चुनावी प्रतिद्वंद्विता के बाद कथित तौर पर एक व्यक्ति को गोली मारी गई और उसका पीछा किया गया, जिसके बाद उसकी बेरहमी से हत्या कर दी गई। पीड़ित हरि सिंह अपने रिश्तेदार गुरपाल सिंह के साथ डबवाली कोर्ट से अपने गांव की ओर जा रहे थे, तभी दादू और तिलोकेवाला गांवों के बीच तिलोकेवाला रोड के पास दो वाहनों में सवार एक समूह ने कथित तौर पर उन्हें रोक लिया।
पुलिस को दी गई अपनी शिकायत में गुरपाल ने बताया कि दो वाहन देखकर उन्हें कुछ गड़बड़ होने का आभास हुआ। उन्होंने अपनी कार वहीं छोड़ दी और खेतों की ओर भाग गए। भागते समय हरि सिंह पर हमलावरों ने कथित तौर पर गोली चलाई। इसके बाद हमलावरों ने उनका पीछा किया, उन्हें घेर लिया और धारदार हथियारों से उनके सिर पर बार-बार वार किए।
पुलिस ने देर रात खेतों से हरि सिंह का खून से लथपथ शव बरामद किया। डीएसपी ललित कुमार और एक क्राइम सीन टीम ने घटनास्थल का मुआयना किया। शव को मंगलवार को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
गुरपाल सिंह की शिकायत पर डबवाली पुलिस ने धरमपुरा सरपंच कुलदीप सिंह, पंच प्रगत सिंह और चार-पांच अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए छापेमारी की जा रही है, जो घटना के बाद से फरार हैं। संदेह है कि हमलावरों ने गुरपाल और हरि सिंह दोनों को निशाना बनाने की योजना बनाई थी। दोनों डबवाली स्थित अदालत में पेशी के बाद लौट रहे थे और हमलावरों को उनकी आवाजाही की जानकारी थी।
हरि सिंह, गुरपाल की मौसी का बेटा है और दोनों साथ रहते थे। पुलिस ने बताया कि पंचायत चुनावों से जुड़ी पुरानी दुश्मनी इस घटना के पीछे का कारण हो सकती है। कुलदीप सिंह ने चुनाव में गुरपाल सिंह को हराया था, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच कथित तौर पर बार-बार विवाद होते रहे।
पुलिस ने यह भी बताया कि गुरपाल के खिलाफ कथित मारपीट और अन्य विवादों के सिलसिले में एक दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं। कलांवाली के एसएचओ चंदन सिंह ने बताया, “सरपंच कुलदीप सिंह, प्रगत सिंह और चार-पांच अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए छापेमारी की जा रही है।”

