कुल्लू के विशेष न्यायाधीश-I प्रकाश चंद राणा की अदालत ने भुंतर उपमंडल की धारा पंचायत के निवासी संजय कुमार को एक नाबालिग लड़की के साथ यौन उत्पीड़न के आरोप में चार साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने पीड़िता को चोट पहुंचाने के लिए अतिरिक्त सजा भी सुनाई है
अभियुक्त को भारतीय दंड संहिता की धारा 354 और 323 तथा यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण (पीओसीएसओ) अधिनियम की धारा 8 के तहत दोषी पाया गया।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, आईपीसी की धारा 354 के तहत अपराध के लिए न्यायालय ने चार वर्ष के कठोर कारावास के साथ 5,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषी को एक वर्ष का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। आईपीसी की धारा 323 के तहत, उन्हें एक वर्ष के साधारण कारावास और 1,000 रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई गई, जिसमें जुर्माना न भरने पर दो महीने के अतिरिक्त साधारण कारावास का प्रावधान है।
पीओसीएसओ अधिनियम की धारा 8 के तहत अपराध के लिए न्यायालय ने चार वर्ष के कठोर कारावास और 5,000 रुपये के जुर्माने का आदेश दिया। जुर्माना न भरने पर एक वर्ष का अतिरिक्त साधारण कारावास होगा।
जिला अटॉर्नी ने बताया कि 16 अक्टूबर, 2018 को एक निजी स्कूल की नौवीं कक्षा की छात्रा, जो नाबालिग पीड़िता है, ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। उसने आरोप लगाया कि दोपहर लगभग 3.20 बजे स्कूल से लौटते समय, आरोपी ने उसे रास्ते में रोककर बलात्कार के इरादे से उसके साथ छेड़छाड़ की। इस घटना के दौरान उसने पीड़िता को चोटें भी पहुंचाईं।


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