उपायुक्त अपराजिता ने ‘प्यारी बेटी’ अभियान के तहत कैथल जिले की महिलाओं और लड़कियों की उपलब्धियों और प्रेरणादायक कहानियों को दर्शाने वाला एक विशेष वीडियो जारी किया है। जिला प्रशासन के फेसबुक पेज पर जारी इस वीडियो में शिक्षा, खेल और डिजिटल वित्तीय लेनदेन के क्षेत्र में उनकी उपलब्धियों को प्रदर्शित किया गया है।
इस अभियान का उद्देश्य लड़कियों को प्रेरित करना, महिला सशक्तिकरण को प्रोत्साहित करना और जिले के लिंग अनुपात में सुधार करना है। डीसी अपराजिता ने कहा कि कैथल की महिलाएं और लड़कियां अपनी लगन, प्रतिभा और दृढ़ संकल्प के माध्यम से विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान दे रही हैं।
उन्होंने माता-पिता से अपील की कि वे अपनी बेटियों की रुचियों और क्षमताओं को पहचानें और उन्हें अपने सपनों को साकार करने के अवसर प्रदान करें। महिला कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान की शुरुआत हरियाणा से की थी। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में महिलाओं और लड़कियों के कल्याण और सशक्तिकरण के लिए कई पहलें लागू की जा रही हैं। जिला प्रशासन भी सेवा संकल्प अभियान के तहत प्रतिभाशाली लड़कियों को सहयोग देने के लिए विशेष प्रयास कर रहा है।
सिविल सर्जन डॉ. रेनू चावला ने बताया कि प्यारी बेटी अभियान के पहले चरण के लिए 20 गांवों का चयन किया गया है, जिनमें 10 गांव अच्छे लिंग अनुपात वाले और 10 कम लिंग अनुपात वाले हैं। शिक्षा, खेल और अन्य क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली लड़कियों को आदर्श के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है। इन प्रयासों से जिले का लिंग अनुपात 895 से बढ़कर 910 हो गया है।
इस वीडियो में अंग्रेजी की लेक्चरर मंजू गुप्ता हैं, जिन्होंने 2023 में पावरलिफ्टिंग शुरू की और लगातार तीन वर्षों तक राज्य स्तरीय ओपन चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीते हैं। उन्होंने इंदौर और फरीदाबाद में राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में भी पदक हासिल किए हैं और कुरुक्षेत्र में सिविल सेवा खेलों में कांस्य पदक जीता है।

