रेवाड़ी स्थित फास्ट-ट्रैक स्पेशल कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. मनपाल रामावत ने नाबालिग लड़की के अपहरण और बलात्कार के आरोपी चेतन सैनी को दोषी ठहराते हुए 20 साल के कारावास और 20,000 रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में, आरोपी को दो महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। मॉडल टाउन पुलिस स्टेशन क्षेत्र में रहने वाली एक महिला ने पुलिस को अपनी शिकायत में बताया कि उसकी 14 वर्षीय बेटी 14 जुलाई, 2025 को सुबह लगभग 7 बजे स्कूल के लिए घर से निकली थी।
जब लड़की स्कूल से घर नहीं लौटी, तो उसके परिवार ने उसकी तलाश शुरू कर दी। पता चला कि लड़की स्कूल गई ही नहीं थी। लड़की की मां को शक था कि किसी ने उसकी बेटी का अपहरण कर लिया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। लड़की को उत्तर प्रदेश के लखनऊ से बरामद किया गया।
ठीक होने के बाद दिए गए अपने बयान में नाबालिग लड़की ने एक युवक पर उसे बहला-फुसलाकर ले जाने और बलात्कार करने का आरोप लगाया। इसके बाद पुलिस ने पीओसीएसओ अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत चेतन सैनी को गिरफ्तार कर लिया।

