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ग्रैंड स्लैम का बहिष्कार अपने अधिकारों के लिए लड़ने का एकमात्र तरीका: एरिना सबालेंका

Boycotting Grand Slams is the only way to fight for our rights: Aryna Sabalenka

 

नई दिल्ली, दुनिया की नंबर एक महिला टेनिस खिलाड़ी एरिना सबालेंका ने मंगलवार को कहा कि ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट की पुरस्कार राशि में ज्यादा हिस्सा पाने के खिलाड़ी हकदार हैं। चार बार की ग्रैंड स्लैम विजेता ने कहा कि ज्यादा हिस्से के लिए टूर्नामेंट का बहिष्कार करने को भी तैयार हैं।

 

 

एरिना सबालेंका ने इटैलियन ओपन में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “मुझे लगता है कि शो हमारी तरफ से है। हमारे बिना कोई टूर्नामेंट नहीं होता। वह एंटरटेनमेंट नहीं है। हम निश्चित रूप से अधिक राशि पाने के हकदार हैं। मुझे लगता है कि किसी समय हम बहिष्कार करेंगे। अपने अधिकारों के लिए लड़ने का यही एकमात्र तरीका है।”

 

उन्होंने कहा, “हम लड़कियां आसानी से एक साथ आ सकती हैं और इसके लिए जा सकती हैं। मुझे लगता है कि कुछ चीजें खिलाड़ियों के साथ बहुत गलत हैं। किसी समय यह अपने शीर्ष स्तर पर पहुंच जाएगा। पिछले साल लगभग सभी बड़े खिलाड़ियों ने चार ग्रैंड स्लैम बॉस को दो पत्र साइन किए थे। इसमें पुरस्कार राशि बढ़ाने, संन्यास, और मातृत्व के अवसर पर सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए खिलाड़ियों के कल्याण के लिए भुगतान करने की मांग की गई थी। पत्र में टूर्नामेंट राजस्व में 22 प्रतिशत हिस्सेदारी का लक्ष्य रखा गया था, जिससे मेजर टूर्नामेंट एटीपी मेन्स टूर और विमेंस डब्ल्यूटीए टूर द्वारा चलाए जाने वाले नौ संयुक्त 1000-लेवल इवेंट्स के बराबर आ जाएंगे।”

 

महिला एकल में चार बार की फ्रेंच ओपन की विजेता पोलैंड की इगा स्वियाटेक ने कहा, “टूर्नामेंट के बहिष्कार का निर्णय थोड़ा ज्यादा हो जाएग।”

 

स्वियाटेक ने कहा, “सच कहूं तो सबसे जरूरी बात गवर्निंग बॉडीज के साथ सही संवाद और चर्चा है। हमारे पास अपनी बात रखने की जगह होनी चाहिए। उम्मीद है कि फ्रेंच ओपन से पहले इस तरह की बैठक करने का मौका मिलेगा और हम देखेंगे कि उसमें क्या होता है।”

 

खिलाड़ियों ने सोमवार को जारी एक बयान में कहा था कि फ्रेंच ओपन द्वारा पुरस्कार राशि में 9.5 प्रतिशत की वृद्धि की घोषणा काफी नहीं है। पिछले साल फ्रेंच ओपन की कमाई 395 मिलियन यूरो थी, जो उसके पहले के वर्ष की तुलना में 14 प्रतिशत अधिक है। कुल पर्स में सिर्फ 5.4 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। खिलाड़ियों का राजस्व हिस्सा घटकर 14.3 प्रतिशत रह गया है। अनुमान के मुताबिक इस साल फ्रेंच ओपन का राजस्व 400 मिलियन यूरो से ज्यादा हो जाएगा। इसी वजह से खिलाड़ी अपनी राशि को बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। एरिना ने फ्रेंच ओपन 2026 की शुरुआत से पहले अपनी मांग रखकर आयोजकों को निश्चित रूप से पुरस्कार राशि पर पुनर्विचार करने का दबाव बढ़ा दिया है। फ्रेंच ओपन 2026 का 18 मई से 7 जून 2026 तक खेला जाना है।

 

 

 

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