दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच की एनडीआर टीम ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। टीम ने एक अंतरराज्यीय गांजा तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ किया और तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। इन आरोपियों के पास से कुल 165.74 किलोग्राम गांजा, 3 मोबाइल फोन और 2 स्कूटी जब्त की गई।
जांच में पता चला कि ये गिरोह ओडिशा से दिल्ली तक कूरियर नेटवर्क के जरिए गांजा तस्करी कर रहा था। हालांकि, पुलिस ने समय रहते कार्रवाई कर तस्करों के मंसूबों को नाकाम कर दिया। मुख्य स्रोत को पकड़ने के लिए क्राइम ब्रांच ने करीब 1,800 किलोमीटर दूर तक सतत निगरानी रखी। लगातार ट्रैकिंग और जांच के बाद टीम ने आरोपियों तक पहुंच बनाई और उन्हें गिरफ्तार किया।
इस पूरे ऑपरेशन के लिए एक विशेष टीम बनाई गई थी, जिसका नेतृत्व एनडीआर के इंस्पेक्टर योगेश माथुर और इंस्पेक्टर विनोद यादव ने किया। टीम की कार्रवाई एसीपी उमेश बर्थवाल के निर्देशन और डीसीपी पंकज कुमार की संपूर्ण देखरेख में हुई।
जानकारी के मुताबिक, गिरोह बड़े पैमाने पर गांजा ओडिशा से दिल्ली भेज रहा था। इसकी योजना इतनी ठोस थी कि आरोपियों ने कूरियर नेटवर्क का इस्तेमाल किया ताकि पुलिस को शक न हो। हालांकि, क्राइम ब्रांच की सतर्कता और लगातार निगरानी के कारण यह गिरोह अब धराशायी हो गया। जब्त किए गए गांजे और मोबाइल फोन की मदद से पुलिस अब और लोगों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है जो इस तस्करी में शामिल हो सकते हैं।
क्राइम ब्रांच ने बताया कि ऐसे अंतरराज्यीय गिरोह को पकड़ना आसान नहीं होता। लंबी दूरी तक निगरानी, तकनीकी सहयोग और टीमवर्क की वजह से ही यह बड़ा खुलासा संभव हुआ। टीम ने बताया कि आरोपियों के पास से स्कूटी और मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं, जो तस्करी और संपर्क में इस्तेमाल किए जा रहे थे। अब इन उपकरणों की मदद से पुलिस और जांच आगे बढ़ाएगी और पूरे नेटवर्क को बेनकाब करने की कोशिश करेगी।

