7 मार्च । दिल्ली के असोला इलाके में एक दुखद घटना ने लोगों को झकझोर दिया है। झेंडा कॉलोनी, असोला गांव में 6 मार्च 2026 की शाम एक 24 वर्षीय युवक का शव फांसी के फंदे पर लटका मिला। पुलिस ने इसे आत्महत्या का मामला माना है और अभी तक किसी आपराधिक गतिविधि का संदेह नहीं जताया है।
पुलिस को पीसीआर कॉल मिलने के बाद मैदानगढ़ी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। जानकारी के अनुसार, हरिमोहन (चौबे राम के पुत्र) ने अपने बेटे के साथ मिलकर यह सूचना दी। दिलीप कुमार बैरवा (पुत्र लकी राम बैरवा), जो राजस्थान के करौली जिले के भोलूपुरा गांव (कुडगांव थाना क्षेत्र) का निवासी था, करीब तीन दिन पहले उनके बेटे के कमरे में रहने आया था। वह दिल्ली में सिक्योरिटी गार्ड के तौर पर काम करता था।
दिलीप के साले ने शुक्रवार को उसके रिश्तेदार को फोन किया और पूछा कि क्या दिलीप वहां है, क्योंकि उसका मोबाइल स्विच ऑफ था। उन्होंने कमरे की जांच करने को कहा। इसके बाद हरिमोहन अपने बेटे के साथ कमरे पहुंचे। दरवाजा अंदर से बंद था और कई बार खटखटाने पर कोई जवाब नहीं मिला। जबरदस्ती दरवाजा खोलने पर दिलीप नायलॉन की रस्सी से छत के पंखे से लटका हुआ मिला।
मौके पर पहुंची पुलिस ने क्राइम टीम को बुलाया और निरीक्षण किया। शव को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए अस्पताल भेज दिया गया, जहां पोस्टमार्टम होगा। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में किसी हत्या या बाहरी हस्तक्षेप का कोई संकेत नहीं पाया है। यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, लेकिन जांच जारी है।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, परिवार और स्थानीय लोग इस घटना से सदमे में हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी को इस संबंध में कोई जानकारी हो तो पुलिस से संपर्क करें। मैदानगढ़ी थाना पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है, ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके।

