प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने निलंबित पंजाब के उप पुलिस महानिरीक्षक हरचरण सिंह भुल्लर के खिलाफ एक नई प्रवर्तन मामला सूचना रिपोर्ट (ईसीआईआर) दर्ज की है और धन शोधन निवारण अधिनियम के तहत चंडीगढ़, लुधियाना, पटियाला, नाभा और जालंधर में 11 स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया है।
ईडी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि भुल्लर, उनके कथित बिचौलिए किरशानु शारदा, उनके सहयोगियों और संदिग्ध बेनामीदारों से जुड़े ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाया गया ताकि अपराध से प्राप्त धन का पता लगाया जा सके और बेनामी संपत्तियों की पहचान की जा सके। अंतिम रिपोर्ट आने तक अभियान जारी था। तलाशे गए ठिकानों में चंडीगढ़ में दो, लुधियाना जिले में पांच, पटियाला में दो और नाभा और जालंधर में एक-एक स्थान शामिल थे।
इस कार्रवाई से केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) और ईडी भुल्लर और उसके कथित नेटवर्क के करीब पहुंच गए हैं, जो आय से अधिक संपत्ति और भ्रष्टाचार के मामले में शामिल हैं। भुल्लर और शारदा पिछले साल अक्टूबर में अपनी गिरफ्तारी के बाद से छह महीने से अधिक समय से न्यायिक हिरासत में हैं।
ईसीआईआर दो सीबीआई एफआईआर पर आधारित है, जिनमें से एक जालसाजी मामले से संबंधित है और दूसरी आय से अधिक संपत्ति की जांच से। सीबीआई ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और बीएनएस के तहत आरोपपत्र दाखिल किया है। ईडी द्वारा अपनी जांच पूरी करने के बाद पीएमएलए के तहत अभियोग दायर करने की उम्मीद है।
ईडी का यह कदम चंडीगढ़ की विशेष सीबीआई अदालत द्वारा सीबीआई को गुप्त मामले से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज़, नकदी और इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड अज्ञात लोक सेवकों और निजी व्यक्तियों से जुड़े कथित स्वतंत्र भ्रष्टाचार लेनदेन की नई प्रारंभिक जांच में स्थानांतरित करने की अनुमति देने के तीन दिन बाद आया है। इस सामग्री में एक डायरी, मोबाइल फोन, नकदी और अन्य दस्तावेज़ शामिल हैं, जिससे एजेंसी को अपनी जांच को और गहरा करने और एक नया नियमित मामला दर्ज करने की दिशा में आगे बढ़ने में मदद मिलेगी।
ईडी की टीम चंडीगढ़ के सेक्टर 40 स्थित भुल्लर की संपत्ति पर पहुंची। एक अन्य टीम ने पटियाला में भुल्लर से जुड़े दो परिसरों पर तलाशी ली। एक अन्य टीम ने नाभा में कृषानु से जुड़े एक परिसर पर भी साथ ही तलाशी अभियान चलाया। ईडी की टीमें सुबह करीब 7 बजे पूर्व डीआईजी हरचरण भुल्लर के पैतृक आवास, कोट कलां, ओल्ड फागवारा रोड पर पहुंचीं। जिस फार्महाउस पर छापा मारा गया, वह उनके पिता मेहल सिंह भुल्लर का है, जो पंजाब के पूर्व पुलिस महानिदेशक हैं। बताया जाता है कि टीमों ने उनके परिवार के सदस्यों से पूछताछ की और आपत्तिजनक दस्तावेजी सबूतों की तलाश की।
लगभग छह घंटे तक चले एक अभियान के दौरान आम आदमी पार्टी के बीसी विंग के नेता भूपिंदर सिंह राठौर के माछीवाड़ा स्थित कार्यालय, बौकर गांव में एक संबंधित व्यक्ति के आवास और रेशम सिंह के एक अन्य परिसर की तलाशी ली गई। भुल्लर को सीबीआई ने अक्टूबर 2025 में तब गिरफ्तार किया था जब एक कबाड़ व्यापारी ने आरोप लगाया था कि एक बिचौलिए के माध्यम से उससे एक मामले को निपटाने के लिए रिश्वत की मांग की गई थी।

