N1Live National मध्य प्रदेश में व्यापारी कल्याण बोर्ड का गठन
National

मध्य प्रदेश में व्यापारी कल्याण बोर्ड का गठन

Formation of Traders Welfare Board in Madhya Pradesh

21 मई । मध्य प्रदेश में राज्य व्यापारी कल्याण बोर्ड का गठन किया गया है। इस बोर्ड के अध्यक्ष मुख्यमंत्री मोहन यादव हैं। भारत सरकार द्वारा गठित राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड के उद्देश्यों की पूर्ति के लिए राज्य में इस बोर्ड का गठन किया गया है। इससे व्यापारी समुदाय के कल्याण के लिए औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग द्वारा अंतर्राष्ट्रीय व्यापार के लिए बेहतर वातावरण निर्मित करने और प्रदेश के निर्यात को बढ़ावा मिल सकेगा।

समिति में मंत्री औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम और मुख्यमंत्री द्वारा नामित अधिकतम 10 सदस्य होंगे।

इसके अलावा अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम, वाणिज्यिक कर, वित्त, किसान कल्याण तथा कृषि विकास, लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा, लोक निर्माण, खनिज साधन, ऊर्जा, नवीन एवं नवकरणीय उर्जा, पशुपालन एवं डेयरी, मछुआ कल्याण तथा मत्स्य, विज्ञान एवं प्रोद्योगिकी, विमानन, कुटीर एवं ग्रामोद्योग, तकनीकी शिक्षा कौशल विकास एवं रोजगार, उद्यानिकी तथा खाद्य प्रसंस्करण, पर्यटन विभाग और सीईओ, राज्य नीति आयोग, क्षेत्रीय प्रमुख-भारतीय रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया, क्षेत्रीय अधिकारी-नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया, वरिष्ठ प्रबंधक-भारतीय कन्टेनर निगम, सीजीएम-नाबार्ड, शाखा प्रबंधक-ईसीजीसी, एक्जीम बैंक, क्षेत्रीय प्रमुख-एपिडा, आयुक्त-एफएसएसएआई, सीईओ-राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन आधिकारिक सदस्य होंगे।

इस बोर्ड में सीईओ-अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान, संचालक-आरसीवीपी नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी को संस्था के पदेन सदस्य और राज्य प्रमुख-सीआईआई, फिक्की, फिओ, डिक्की, लघु उद्योग भारती एवं अन्य राज्य स्तरीय व्यापार समिति तथा संघ को शीर्ष चेम्बर्स से पदेन सदस्य मनोनीत किया गया है।

प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश इण्डस्ट्रीयल डेव्हलपमेंट कार्पोरेशन, भोपाल को सदस्य-सचिव नामित किया गया है। बताया गया है कि इस बोर्ड में अध्यक्ष की अनुमति से मध्य प्रदेश राज्य व्यापारी कल्याण बोर्ड में आवश्यकतानुसार संशोधन किया जा सकेगा। जिला स्तरीय समिति (डीएल.सी) के गठन एवं कार्य क्षेत्र का निर्धारण सदस्य सचिव द्वारा प्रस्तावित कर समन्वय में अनुमोदन के बाद किया जाएगा। बोर्ड की बैठक कैलेंडर वर्ष में 4 बार, अर्थात 3 माह में एक बार, आयोजित की जाएगी।

Exit mobile version