यमुनानगर जिले में खैर की लकड़ी की तस्करी के लिए लकड़ी माफिया नए हथकंडे अपना रहा है। वन्यजीव विभाग की एक टीम ने जिले के छछरौली इलाके में चोरी की खैर की लकड़ी से लदी एक मोटरसाइकिल को रोका।
हालांकि, तस्करों ने टीम को देखते ही वाहन छोड़कर भागने में कामयाबी हासिल कर ली। वन्यजीव विभाग के इंस्पेक्टर लिलू राम ने बताया कि विभाग को 11 फरवरी को सूचना मिली थी कि दरपुर वन क्षेत्र में खैर की लकड़ी काटी गई है और उसे मोटरसाइकिल से ले जाया जाएगा। उन्होंने बताया कि सूचना मिलते ही तुरंत कार्रवाई करते हुए उप वन रेंज अधिकारी की देखरेख में दरपुर गांव के पास एक चेकपॉइंट स्थापित किया गया। उन्होंने बताया कि जब टीम ने मोटरसाइकिल को रोकने की कोशिश की तो सवार वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया।
इंस्पेक्टर लिलू राम ने बताया, “तलाशी के दौरान, टीम को बाइक पर रखे घास के गट्ठे के नीचे छिपे हुए खैर के तीन ठूंठ मिले।” उन्होंने बताया कि लकड़ी को जब्त कर लिया गया है और आगे की जांच शुरू कर दी गई है। उन्होंने आगे बताया कि जांच के दौरान, वन्यजीव विभाग की टीम को पास के जंगल से खैर के ताजे कटे हुए ठूंठ भी मिले, जिससे पता चलता है कि लकड़ी हाल ही में काटी गई थी। उन्होंने बताया कि आरोपियों की पहचान अलीम, तालीम, अकबर और दिलशाद के रूप में हुई है, जो सभी दरपुर गांव के निवासी हैं।


Leave feedback about this