N1Live National पिंपरी-चिंचवड़ और पुणे में एनसीपी को मिलेगा स्पष्ट बहुमत, मुंबई में हमारे बिना नहीं बन पाएगा मेयर: नवाब मलिक
National

पिंपरी-चिंचवड़ और पुणे में एनसीपी को मिलेगा स्पष्ट बहुमत, मुंबई में हमारे बिना नहीं बन पाएगा मेयर: नवाब मलिक

NCP will get clear majority in Pimpri-Chinchwad and Pune, without us, no mayor will be elected in Mumbai: Nawab Malik

बीएमसी चुनाव प्रचार को लेकर चुनाव आयोग द्वारा जारी की गई स्पष्टता पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री नवाब मलिक ने संतोष जताया। उन्होंने कहा कि इस स्पष्टीकरण से न सिर्फ उम्मीदवारों बल्कि प्रशासन और पुलिस को भी राहत मिली है और अब चुनाव प्रक्रिया अधिक सुचारू रूप से आगे बढ़ेगी।

मुंबई में मीडिया से बात करते हुए नवाब मलिक ने कहा कि मौजूदा नियमों के अनुसार प्रचार अवधि समाप्त होने के बाद उम्मीदवार बड़े जत्थों के साथ घर-घर जाकर प्रचार नहीं कर सकते और न ही जनसभाएं कर सकते हैं, लेकिन वे व्यक्तिगत रूप से मतदाताओं से मिल सकते हैं और उनसे बातचीत कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि कई नए उम्मीदवार इन नियमों से पूरी तरह अवगत नहीं थे और इससे पहले प्रशासन, पुलिस और चुनाव अधिकारियों में भी भ्रम की स्थिति बनी हुई थी। इसी कारण कई जगहों पर टकराव की स्थिति पैदा हो रही थी।

नवाब मलिक ने कहा कि कल जारी किए गए स्पष्टीकरण के बाद हालात बेहतर हुए हैं। अब हर उम्मीदवार को यह स्पष्ट हो गया है कि वे क्या कर सकते हैं और क्या नहीं। इससे एक-दूसरे के खिलाफ की जाने वाली शिकायतें भी कम होंगी, जो अब तक प्रशासन के लिए परेशानी का कारण बन रही थीं।

पैसे बांटने के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए नवाब मलिक ने कहा कि उन्हें नहीं लगता कि कोई उम्मीदवार खुद जाकर पैसा बांटेगा। चुनाव आयोग के ये नियम कोई नए नहीं हैं, बल्कि वर्षों से हर चुनाव में लागू होते रहे हैं। फर्क सिर्फ इतना है कि अब इन नियमों को साफ-साफ समझा दिया गया है, जिससे पहले जो भ्रम था, वह दूर हो गया है।

उन्होंने यह भी दावा किया कि पिंपरी-चिंचवड़ और पुणे में एनसीपी की स्थिति मजबूत है और पार्टी को स्पष्ट बहुमत मिलेगी। मुंबई में हमारे बिना मेयर बनना संभव नहीं होगा। बीएमसी चुनाव को लेकर नवाब मलिक ने दोहराया कि चुनाव आयोग की यह स्पष्टता बेहद जरूरी थी। इससे पहले स्पष्ट दिशा-निर्देश न होने के कारण कई जगहों पर विवाद और झड़पें हो रही थीं। अब प्रशासन नियमों के अनुसार काम करेगा और सभी राजनीतिक दल भी प्रक्रिया को बेहतर तरीके से समझ चुके हैं।

Exit mobile version