बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी ने पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की राजनीतिक विरासत, उनके बेटे निशांत कुमार की भूमिका, महिलाओं के अधिकार और वंदे मातरम विवाद को लेकर चल रही सियासत पर खुलकर अपनी बात रखी। उन्होंने उपेंद्र कुशवाहा की टिप्पणियों पर भी पलटवार किया।
मंत्री अशोक चौधरी ने आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा, “जिस तरह हम निशांत कुमार को अपने घरों में नेता मानते हैं, उसी तरह अब उन्हें आधिकारिक तौर पर भी स्वीकार कर लिया है। अब पार्टी में किसी और के लिए जगह नहीं है। उपेंद्र कुशवाहा को भी बहुत समय मिला था और उन्हें साथ लाने के प्रयास हुए थे, लेकिन अब कोई जगह नहीं बची है।”
आरएलएम सांसद उपेंद्र कुशवाहा के बारे में उन्होंने कहा, “वे समता पार्टी के समय से साथ रहे हैं। ऐसा नहीं है कि नीतीश कुमार ने उन्हें मौके नहीं दिए। अपने पहले कार्यकाल में नीतीश कुमार ने उन्हें विपक्ष का नेता बनाया और कई अहम जिम्मेदारियां दीं। अगर वे पार्टी में रहते तो कुछ और हो सकता था, लेकिन उन्होंने एक बार नहीं, बल्कि दो-दो बार पार्टी छोड़कर अलग पार्टी बना ली। अब नीतीश कुमार की विरासत को निशांत कुमार ही आगे ले जाएंगे।”
अशोक चौधरी ने कहा, “नीतीश कुमार का मॉडल एक ब्रांड बन चुका है, जिसे हर कोई फॉलो करना चाहता है। जल-जीवन-हरियाली योजना पर दुनिया भर के पर्यावरण वैज्ञानिकों से लेकर बड़े नेताओं ने नीतीश कुमार को सुना है। उनकी पोशाक योजना और साइकिल योजना को समझने के लिए सात देशों के लोग बिहार आए थे। नीतीश कुमार का मॉडल एक सफल मॉडल है और जिसे भी सफलता चाहिए, वह इसे फॉलो करेगा।”
राहुल गांधी के महिलाओं को बराबर हक देने वाले बयान पर मंत्री ने कहा, “बिल्कुल मिलना चाहिए, लेकिन इस पर नीतीश कुमार पहले से ही काम कर रहे हैं। बिहार में पुलिस फोर्स में सबसे ज्यादा महिलाएं हैं। पंचायती राज व्यवस्था में महिलाओं को आरक्षण नीतीश कुमार ने दिया। सरकारी नौकरियों में भी महिलाओं को आरक्षण दिया गया है। नीतीश कुमार महिला सशक्तिकरण के ब्रांड एंबेसडर हैं।”
पटना का नाम बदलकर पाटलिपुत्र करने के सवाल पर उन्होंने कहा, “यह कोई खराब विचार नहीं है। अपनी विरासत को लेकर चलना चाहिए।”
वंदे मातरम के दो पद गाने के कांग्रेस वर्किंग कमेटी के फैसले पर उन्होंने कहा, “वंदे मातरम के कितने छंद गाने हैं, इसमें राजनीतिक पार्टियां बदलाव नहीं कर सकतीं। देश ऐसे नहीं चलता। राष्ट्रगीत का निर्माण बहुत पहले हुआ है और जहां इसे पूरा गाया जाता रहा है, वहीं गाया जाना चाहिए। कांग्रेस जब सत्ता में आएगी तो उसे जो करना होगा करे, लेकिन अभी भाजपा को सरकार चलाने का अधिकार है और नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री हैं। उन्हें जो उचित लग रहा है, वे कर रहे हैं।”

