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गायक से संगीतकार बनने की राह पर श्रेया घोषाल, कहा-हर गायक के अंदर छिपा होता है एक संगीतकार

Shreya Ghoshal on her journey from being a singer to a musician, says, "There's a musician hidden inside every singer."

2 मई । राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता पार्श्व गायिका श्रेया घोषाल ने हिंदी सिनेमा को कई शानदार और रोमांटिक गानों से नवाजा है।

उनकी आवाज का जादू कानों में मिश्री घोल देता है लेकिन किसी सिंगर का सिर्फ अच्छा गायक होना ही जरूरी नहीं है बल्कि उसे अंदर से एक बेहतर संगीतकार होना भी जरूरी है। हाल ही में श्रेया घोषाल ने आईएएनएस से खास बातचीत में संगीत और संगीतकार के विजन के बारे में खुलकर बात की।

गायक से संगीतकार बनने के संघर्षों पर बात करते हुए सिंगर ने आईएएनएस से कहा, “यह संघर्ष कठिन है क्योंकि मैं लगातार ऐसा करती रहती हूँ। मैंने अपने द्वारा रचित कुछ सिंगल रिलीज़ किए हैं और मैंने ये अपने छोटे भाई के साथ मिलकर किया है। हालांकि मैं कहूँगी कि एक गायिका के अंदर एक संगीतकार छिपा होता है।” उन्होंने आगे कहा कि ये दो अलग-अलग रास्ते नहीं हो सकते क्योंकि जब किसी गायक को कोई गाना दिया जाता है, तो सभी संगीतकार उनसे उस गाने का पूरी तरह से पालन करने के लिए नहीं कहते हैं।

उन्होंने आगे कहा, “आप यह भी सोचते हैं, ‘मैं गाने में क्या जोड़ सकती हूँ?’ जब आप माइक पर होते हैं, तो आप लगातार रचनात्मक होते हैं। आप गाने में रंग भरते हैं, उसे किसी न किसी तरह से निखारते हैं या उसमें अपनी आत्मा डालते हैं। इस प्रक्रिया में, आप कुछ रचनाएँ और कुछ विचार जोड़ देते हैं, और यह एक बहुत ही सहज प्रक्रिया है।”

श्रेया घोषाल संगीत रचना की दुनिया में कदम रखना चाहती है, लेकिन समय की कमी के कारण ऐसा नहीं कर पा रही है। उन्होंने बताया, “अगर आप स्वतंत्र रूप से संगीत बना रहे हैं, तो आपको इसमें काफी स्वतंत्रता मिलती है। फिल्मों के लिए, कभी-कभी यह बहुत ही मुश्किल होता है, लेकिन समय की कमी के कारण मैं खुद को इस प्रलोभन से बचाती हूँ। मैं यह करना चाहती हूँ, लेकिन मुझे फिर किसी एक को चुनना होगा, और मुझे लगता है कि मैं शायद एक संगीतकार के रूप में उतनी अच्छी नहीं हूँ।”

श्रेया घोषाल लता मंगेशकर और आशा भोंसले को अपना आदर्श मानती हैं और उन्हीं की तरह गायन में निपुण होने के सफर को ही पूरा करना चाहती हैं, लेकिन अगर उन्हें समय मिला तो वे संगीत रचना की कला में भी आगे जाकर जरूर हाथ आजमाएंगी। उन्होंने कहा, “संगीतकारों के लिए मेरे मन में बहुत सम्मान है। अगर आप उनकी तुलना करेंगे, तो पाएंगे कि वे अपने क्षेत्र में मुझसे कहीं आगे हैं, लेकिन हो सकता है कि कभी आगे जाकर मैं भी ऐसा ही करती दिखूं।”

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