17 अप्रैल । महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस शुक्रवार को पश्चिम बंगाल में चुनाव प्रचार करने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में ममता बनर्जी और टीएमसी सरकार पर तीखा हमला बोला।
देवेंद्र फडणवीस ने कहा, “हम सभी जानते हैं कि एक समय ऐसा था जब कोलकाता और पश्चिम बंगाल देश की आर्थिक, वाणिज्यिक और औद्योगिक राजधानी था। देश के पहले बड़े उद्योग बंगाल में ही स्थापित हुए थे। आज भी हम देख सकते हैं कि देश के सफल उद्यमियों की शुरुआत, कहीं न कहीं, बंगाल से ही हुई थी।
उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी का शासन अब सीपीआईएम के शासन से भी बदतर स्थिति में पहुंच गया है। बंगाल की अर्थव्यवस्था में एक बड़ा बदलाव आया है। आज हम कहते हैं कि मुंबई और महाराष्ट्र देश की वित्तीय और वाणिज्यिक राजधानी हैं। लेकिन मुंबई से पहले, यह दर्जा कोलकाता और बंगाल के पास था। इसलिए, यह चुनाव सिर्फ किसी को सत्ता सौंपने के बारे में नहीं है। अगर बंगाल की स्थिति ऐसी ही बनी रही, तो मुझे नहीं लगता कि आने वाली पीढ़ी का कोई भविष्य होगा।”
देवेंद्र फडणवीस ने कहा, “सितंबर 2025 में जो आंकड़े सामने आए हैं, उसके मुताबिक 6895 उद्योग बंगाल से बाहर चले गए हैं। बंगाल से छोड़ने वाले उद्यमी महाराष्ट्र में आकर अपना उद्योग स्थापित किए हैं। अभी कुछ दिन पहले ही दो उद्यमियों के साथ एमओयू किया है, जो 50 साल से पश्चिम बंगाल में व्यापार करते थे। ये लोग अब महाराष्ट्र में निवेश कर रहे हैं। करीब 1400 इंडस्ट्रीज बंगाल से महाराष्ट्र में आई हैं। इतने बड़े पैमाने पर महाराष्ट्र में आना दर्शाता है कि बंगाल से अपना नाता तोड़ा है। देश में करीब 65 प्रतिशत लोग 35 साल से कम हैं। सरकारें इतनी बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार नहीं दे सकती, बल्कि उसके लिए व्यवस्था कर सकती हैं। अधिकतर रोजगार प्राइवेट सेक्टर देता है। सरकारी उपक्रमों में रोजगार का एक सीमित दायरा है।”
नासिक स्थित टीसीएस के दफ्तर में काम करने वाली महिला कर्मचारियों ने आरोप लगाए हैं कि उन्हें ऑफिस में धर्म के नाम पर निशाना बनाया गया। सेक्सुअल हरासमेंट के भी आरोप लगाए हैं। इस मुद्दे पर देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि यह एक गंभीर मामला है। इसे अंजाम देने के लिए एक मॉड्यूल का इस्तेमाल किया गया था। हम किसी को भी नहीं छोड़ेंगे। टीसीएस ने यही रुख अपनाया है। हम इसकी जांच करेंगे और केंद्रीय एजेंसियों को भी इसकी जानकारी दे दी है।

