नई दिल्ली, आर. प्रग्गनानंदा ने शानदार वापसी करते हुए शुक्रवार को नॉर्वे चेस चैंपियनशिप का खिताब जीतकर इतिहास रच दिया। वह इस चैंपियनशिप को जीतने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बने। प्रग्गनानंदा की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने उन्हें बधाई दी।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर प्रग्गनानंदा की प्रशंसा करते हुए लिखा, “ग्रैंडमास्टर आर. प्रग्गनानंदा को ओस्लो में हुए मशहूर नॉर्वे चेस 2026 टूर्नामेंट में शतरंज के अपने शानदार और समझदारी भरे प्रदर्शन से जीत हासिल करके इतिहास रचने के लिए दिल से बधाई। उन्होंने एक ही टूर्नामेंट में मौजूदा चैंपियन मैग्नस कार्लसन को दो बार हराने और लगातार चार जीत हासिल करके खास उपलब्धि हासिल की। ग्रैंडमास्टर प्रग्गनानंदा को और भी कई रिकॉर्ड बनाने और तमिलनाडु और भारत का नाम और रोशन करने के लिए मेरी शुभकामनाएं।”
प्रग्गनानंदा छठे दौर के बाद अंक तालिका में सबसे नीचे मौजूद थे। हालांकि, इसके बाद 20 वर्षीय भारतीय खिलाड़ी ने जबरदस्त वापसी की। उन्होंने लगातार चार क्लासिकल मुकाबले जीतकर खिताब पर कब्जा जमाया। प्रग्गनानंदा ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए टूर्नामेंट में मौजूदा चैंपियन मैग्रस कार्लसन को दूसरी बार शिकस्त दी। इसके साथ ही उन्होंने डी गुकेश के खिलाफ भी शानदार जीत दर्ज की। साल 2021 के बाद प्रग्गनानंदा नॉर्वे चेस चैंपियनशिप में लगातार चार क्लासिकल मुकाबले जीतने वाले मैग्रस कार्लसन के बाद महज दूसरे खिलाड़ी बने हैं।
प्रग्गनानंदा ने शुक्रवार को बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए क्लासिकल इवेंट के 10वें और अंतिम राउंड में विंसेंट कीमर के खिलाफ शानदार जीत दर्ज की। प्रग्गनानंदा ने कीमर की गलतियों का भरपूर फायदा उठाया और मुकाबले को 45वीं चाल में अपने नाम किया। उन्होंने 5 जीत, 2 हार और दो ड्रॉ के साथ कुल 18 अंकों के साथ टूर्नामेंट का अंत किया। 20 वर्षीय ग्रैंडमास्टर के दो ड्ऱॉ मुकाबलों का फैसला आर्मागेडन गेम से हुआ, जहां वह दमदार प्रदर्शन के बूते बाजी मारने में सफल रहे।
प्रग्गनानंदा ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय अपनी मां को दिया। उन्होंने बताया कि मां ने कहा था कि यह नया महीना है और इसमें वह अच्छा प्रदर्शन करेंगे और ठीक ऐसा ही हुआ। प्रग्गनानंदा के अनुसार, मां की भविष्यवाणी के बाद उन्होंने अगले चारों मैच जीते और कार्लसन के खिलाफ भी दमदार प्रदर्शन किया।

