भाजपा ने आज आरोप लगाया कि कांग्रेस ने पालमपुर नगर निगम चुनाव “अवैध” मतदाताओं को शामिल करके जीता है और मतदाता पंजीकरण प्रक्रिया की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
आज यहां एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता त्रिलोक कपूर ने दावा किया कि नगर निगम के वार्डों का परिसीमन पर्याप्त जन परामर्श के बिना किया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि जम्मू-कश्मीर, उत्तर प्रदेश, पंजाब, बिहार, झारखंड और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों से आए हजारों प्रवासी मजदूरों को चुनावी नियमों का उल्लंघन करते हुए मतदाता के रूप में पंजीकृत किया गया था।
कपूर ने आरोप लगाया कि प्रत्येक नगर निगम वार्ड में लगभग 250 से 300 ऐसे वोट जोड़े गए, जिससे “अवैध” वोटों की कुल संख्या लगभग 3,000 हो गई। उन्होंने आगे दावा किया कि मतदाता सूची में शामिल होने के लिए स्थानीय निवासियों द्वारा प्रस्तुत आवेदनों को कथित तौर पर नजरअंदाज कर दिया गया, जबकि प्रवासी श्रमिकों को मतदाता के रूप में पंजीकृत किया गया।
भाजपा नेता ने कहा कि पार्टी कथित अनियमितताओं की उच्च स्तरीय जांच की मांग करेगी ताकि भविष्य के चुनावों में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों। पार्टी हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय का भी रुख करेगी।
नगरपालिका चुनाव परिणामों का हवाला देते हुए कपूर ने कहा कि भाजपा के उम्मीदवार चार वार्डों में क्रमशः 49, 56, 114 और 125 वोटों के अंतर से हार गए। उन्होंने दावा किया कि पार्टी 14 नगरपालिका वार्डों में कांग्रेस से लगभग 1,100 वोटों से पीछे रही और तर्क दिया कि कथित अनियमितताओं ने चुनाव परिणामों को प्रभावित किया।
कपूर ने यह भी दावा किया कि हाल ही में संपन्न पंचायती राज चुनावों में भाजपा का प्रदर्शन शानदार रहा। उन्होंने कहा कि दो जिला परिषद सीटों पर कांग्रेस उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई और भाजपा समर्थित उम्मीदवारों ने वार्ड पंच से लेकर ब्लॉक समिति सदस्यों तक अधिकांश पदों पर जीत हासिल की।
पालमपुर ब्लॉक समिति के नव निर्वाचित भाजपा समर्थित नेतृत्व को बधाई देते हुए कपूर ने उषा देवी के अध्यक्ष और बिंदु के उपाध्यक्ष चुने जाने का स्वागत किया। उन्होंने राज्य में कांग्रेस के सत्ता में होने के बावजूद भाजपा समर्थित उम्मीदवारों का समर्थन करने के लिए निर्वाचित सदस्यों को धन्यवाद दिया।
भाजपा प्रवक्ता ने आगे दावा किया कि पालमपुर के ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में पार्टी को मजबूत समर्थन प्राप्त है और उन्होंने आगामी चुनावों में अपनी संभावनाओं के प्रति विश्वास व्यक्त किया। उन्होंने मतदाता सूची के प्रस्तावित एसआईआर का भी जिक्र किया और आरोप लगाया कि इससे मतदाता सूची से अपात्र नाम हटा दिए जाएंगे।

