हिमाचल प्रदेश कांग्रेस शुक्रवार को शिमला में चुनाव विभाग कार्यालय के बाहर भारतीय चुनाव आयोग (ईसीआई) के कामकाज और मतदाता सूची में संशोधन को लेकर विरोध प्रदर्शन करेगी। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के आह्वान पर आयोजित यह प्रदर्शन सुबह 11 बजे शुरू होगा और इसका नेतृत्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार करेंगे।
इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के शामिल होने की उम्मीद है। इनमें हिमाचल प्रदेश की एआईसीसी प्रभारी रजनी पाटिल, मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, मंत्रीगण, एआईसीसी सचिव और सह-प्रभारी चेतन चौहान और विदित चौधरी शामिल हैं। मौजूदा और पूर्व विधायक, पीसीसी पदाधिकारी और जिला एवं ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी भी प्रदर्शन में शामिल होंगे।
यह विरोध प्रदर्शन चुनाव आयोग के कामकाज पर कांग्रेस नेतृत्व की आलोचना और मतदाता सूची में संशोधन को लेकर चिंताओं के बीच हुआ है।
प्रदर्शन के बाद, पार्टी राज्य कार्यकारिणी समिति के पदाधिकारियों और जिला कांग्रेस अध्यक्षों के प्रदर्शन का आकलन करने के लिए एक समीक्षा बैठक आयोजित करेगी। इस बैठक में प्रस्तावित हिमाचल जोड़ो यात्रा की तिथियों और अन्य विवरणों पर भी चर्चा और अंतिम निर्णय लिया जाएगा, जिसकी योजना वरिष्ठ कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा की गई भारत जोड़ो यात्रा की तर्ज पर बनाई गई है।
हिमाचल प्रदेश परिषद के सचिव विनोद जिंटा ने कहा, “हिमाचल को एकजुट करने के लिए भरमौर से सिरमौर तक यात्रा निकाली जाएगी। भाजपा ने राज्य को जाति और क्षेत्र के आधार पर विभाजित कर दिया है। इस यात्रा के माध्यम से हम यह संदेश देना चाहते हैं कि हम सब एक हैं, चाहे हमारी जाति या क्षेत्र कोई भी हो।”

