भारत से कई युवा जीविका कमाने के लिए विदेश जाते हैं, लेकिन कुछ एजेंट युवाओं से पैसे ऐंठने के लिए धोखाधड़ी के तरीकों का इस्तेमाल करके उन्हें विदेश भेज देते हैं।
इसका खामियाजा युवक को तो भुगतना ही पड़ता है, उसके माता-पिता को भी इसका खामियाजा भुगतना पड़ता है। ऐसा ही कुछ पठानकोट के युवक जगमीत सिंह के साथ हुआ, जो 14 महीने पहले अमेरिका में रोजी-रोटी कमाने गया था।
जो आज तक न तो मिला है और न ही वापस लौटा है। आपको बता दें कि जगजीत सिंह ने एमबीए पास करने के बाद नौकरी नहीं की और अपने माता-पिता से अमेरिका में काम करने की बात की।
जिसके चलते माता-पिता ने अपने बेटे की खुशी के लिए एक नंबर की फ्लाइट से अपने बेटे को अमेरिका ले जाने के लिए एक एजेंट से बात की और एजेंट ने जगमीत को 45.50 लाख में अमेरिका भेजने की बात कही।
पहले एजेंट को 15 लाख रुपए नकद दिए गए तथा बाकी पैसे आने के बाद दिए गए, जिसके चलते करीब 14 महीने पहले बेटे को अमेरिका भेज दिया गया तथा एजेंट ने उसे गधे पर बैठाकर अमेरिका भेजा।
जिसके बाद जगमीत ने आखिरी बार 19 दिसंबर 2023 को अपने माता-पिता से बात की थी और उसके बाद से अब तक करीब 14 महीने बीत चुके हैं, उसके माता-पिता ने अपने बेटे से बात नहीं की है और अब जब कुछ युवाओं को निर्वासित किया गया है, तो उन्हें लगा कि शायद उनका बेटा भी वापस आ जाएगा, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ और वे अपने बेटे के वापस आने का इंतजार कर रहे हैं और सरकार और प्रशासन से उसे वापस लाने की गुहार लगा रहे हैं।
जब हमने इस बारे में पीड़ित परिवार से बात की तो उन्होंने बताया कि उनके बेटे को एजेंट ने गलत तरीके से गधे पर बिठाकर बाहर भेज दिया था और वह पनामा के जंगलों में कहीं खो गया जिसका उन्हें आज तक पता नहीं चल पाया है। उन्होंने एजेंट के खिलाफ पुलिस प्रशासन से भी शिकायत की थी लेकिन अभी तक एजेंट के खिलाफ कोई कार्रवाई न होने पर उन्होंने सरकार और पुलिस प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है ताकि उनका लापता बेटा वापस आ सके।
Leave feedback about this