अमृतसर ग्रामीण पुलिस ने एक ही परिवार के तीन सदस्यों की गिरफ्तारी के साथ सीमा पार हथियारों और मादक पदार्थों की तस्करी करने वाले एक कथित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने आरोपियों से एक एके-47, एक एके-56, चार मैगज़ीन, जिंदा कारतूस और 10 किलोग्राम से अधिक हेरोइन जब्त की।
गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान भरार गांव के निवासी संदीप सिंह (32), उनकी पत्नी कमलजीत कौर और उनके साले घुमनपुरा निवासी विक्रमजीत सिंह (23) के रूप में हुई है। बॉर्डर रेंज के आईजी गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने कहा कि गिरफ्तारियां और बरामदगी अमृतसर ग्रामीण एसएसपी कवलप्रीत सिंह चहल की टीम को मिली खुफिया जानकारी के आधार पर की गई हैं।
पुलिस को संदेह है कि यह खेप ड्रोन का उपयोग करके अंतरराष्ट्रीय सीमा पार से पहुंचाई गई थी। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने अंतरराष्ट्रीय सीमा और एक नाले के पास स्थित अमरूद के बाग में काम करने का ठेका लिया था। आरोप है कि इस बाग का इस्तेमाल रात के समय ड्रोन द्वारा गिराए गए माल को इकट्ठा करने के केंद्र के रूप में किया जा रहा था।
जांचकर्ताओं ने बताया कि संदीप कथित तौर पर अपनी पत्नी के साथ स्कूटर या किसी अन्य वाहन से बाग में जाता था, और इसके लिए वे अपने पारिवारिक संबंधों और बाग में वैध काम का बहाना बनाते थे। पुलिस को संदेह है कि दोनों ने मिलकर माल की खेपें इकट्ठा कीं और उन्हें निर्धारित स्थानों पर पहुंचाया।
पुलिस ने बताया कि संदीप का आपराधिक रिकॉर्ड था। उसे 2022 में अमृतसर शहर में दर्ज शस्त्र अधिनियम के एक मामले में गिरफ्तार किया गया था और 2026 में लोपोके और घरिंदा पुलिस स्टेशनों में दर्ज 5-5 किलोग्राम हेरोइन की जब्ती से जुड़े दो अलग-अलग मामलों में भी वह वांछित था।
जांच का दायरा बढ़ाया जा रहा है ताकि पाकिस्तान स्थित तस्करों और खेप प्राप्त करने वाले स्थानीय नेटवर्क की पहचान की जा सके। पुलिस आरोपियों के मोबाइल डेटा और डिलीट की गई चैट की फॉरेंसिक जांच भी कर रही है। भुल्लर ने कहा कि पुलिस वित्तीय लेन-देन की भी जांच कर रही है और अवैध गतिविधियों के माध्यम से कथित रूप से अर्जित संपत्तियों को फ्रीज करने और जब्त करने की कार्यवाही शुरू करेगी।

