एनसीपी (शरद पवार गुट) नेता एकनाथ खडसे ने बताया कि वो उस जगह पर गए थे, जहां पर विमान हादसा हुआ था और इस हादसे में अजित पवार को अपनी जान गंवानी पड़ी थी।
एनसीपी नेता ने शुक्रवार को आईएएनएस से बातचीत में हादसे की भयावहता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि घटनास्थल पर अब कुछ भी दूर-दूर तक नजर नहीं आ रहा है। विमान तो कहीं पर दिख ही नहीं रहा है। सिर्फ ईंधन है। इससे यह साफ समझा जा सकता है कि यह हादसा कितना भयावह रहा होगा।
उन्होंने कहा कि घटनास्थल पर बहुत सारी फाइलें दिख रही हैं। इससे यह साफ जाहिर हो रहा है कि वो चुनाव प्रचार के दौरान भी अपने दफ्तर का काम साथ लेकर आते थे, ताकि हर काम को आसानी से कर सकें। घटनास्थल को अच्छे से समझने के बाद ऐसा लग रहा है कि अगर विमान उस तरफ गिरा होता, तो आज इस तरह की स्थिति पैदा नहीं होती। लेकिन, अफसोस नियति को कुछ और ही मंजूर था। यही कारण है कि आज अजित पवार हमारे बीच मौजूद नहीं हैं।
उन्होंने कहा कि अजित दादा की पार्टी और शरद पवार गुट की पार्टी के बीच मर्जर को लेकर बातचीत चल रही है। इससे पहले दोनों ही पार्टी के नेताओं के बीच बैठक हो चुकी है। हमने बैठक में फैसला किया है कि आगामी दिनों में स्थानीय चुनाव हम साथ मिलकर लड़ें। पहले यह भी कहा गया है कि स्थानीय चुनाव होने के बाद दोनों ही पार्टियों के विलय का फैसला ले लिया जाए। लेकिन, अब आगे क्या फैसला लिया जाता है। इस पर सभी की निगाहें टिकी रहेंगी।
उन्होंने कहा कि यह दुखद हादसा है, जिसमें हमने अजित पवार को गंवाया है। यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना है। अजित दादा को हमने गंवा दिया है। वो हमारे बीच नहीं हैं। इसे लेकर किसी भी प्रकार की राजनीतिक टिप्पणी करना दुखद है।

