प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में एक जनसभा की। उन्होंने कहा कि यह पल उनके लिए बेहद भावुक है और लाखों कार्यकर्ताओं की मेहनत अब रंग ला रही है। प्रधानमंत्री ने कहा कि सभा में दिख रही ऊर्जा और उत्साह से एक नई उम्मीद महसूस हो रही है। यह संकेत है कि केरल में बदलाव की शुरुआत हो चुकी है।
अपने राजनीतिक सफर का उदाहरण देते हुए पीएम मोदी ने गुजरात का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि वर्ष 1987 से पहले गुजरात में भाजपा एक छोटी और सीमित पार्टी थी। उस साल पहली बार अहमदाबाद नगर निगम में भाजपा को जीत मिली थी, ठीक उसी तरह जैसे हाल ही में तिरुवनंतपुरम में पार्टी को सफलता मिली है। गुजरात में शुरुआत एक शहर से हुई थी और धीरे-धीरे जनता ने भाजपा पर भरोसा जताया। केरल में भी कुछ ऐसा ही हो रहा है और यहां के लोग अब भाजपा से जुड़ रहे हैं।
प्रधानमंत्री ने राज्य की एलडीएफ और यूडीएफ सरकारों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि दशकों से दोनों दलों ने तिरुवनंतपुरम को बुनियादी सुविधाओं और बेहतर ढांचे से वंचित रखा है। इन सरकारों ने लोगों की जरूरतों पर ध्यान नहीं दिया, जबकि भाजपा की टीम अब एक विकसित तिरुवनंतपुरम की दिशा में काम शुरू कर चुकी है। लंबे समय से जिस बदलाव का इंतजार था, वह अब आने वाला है। उन्होंने तिरुवनंतपुरम को पूरे देश के लिए एक मॉडल शहर बनाने की बात कही और इसे भारत के सर्वश्रेष्ठ शहरों में शामिल करने का संकल्प दोहराया।
आगामी चुनावों का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि केरल की राजनीति अब तक दो ही ध्रुवों (एलडीएफ और यूडीएफ) के बीच घूमती रही है। दोनों दल बारी-बारी से सत्ता में आते रहे, लेकिन राज्य की समस्याएं जस की तस बनी रहीं। भाजपा और एनडीए एक तीसरा विकल्प हैं, जो विकास और सुशासन को प्राथमिकता देते हैं। प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया कि दोनों मोर्चों ने भ्रष्टाचार, कुप्रबंधन और तुष्टीकरण की राजनीति को बढ़ावा दिया है और उनके झंडे और प्रतीक भले अलग हों, लेकिन उनकी सोच लगभग एक जैसी है।
केंद्र सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि यहां की सरकार केंद्र की कई योजनाओं के रास्ते में बाधा डाल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अगले चरण को लागू करने में रुकावट डाली जा रही है और पाइप से पानी पहुंचाने की योजना में देरी हो रही है। इसके अलावा, उन्होंने कहा कि पीएम श्री योजना के तहत बनने वाले आधुनिक स्कूलों तक गरीब बच्चों की पहुंच रोकी जा रही है।
मछुआरों के लिए चलाई जा रही योजनाओं पर बोलते हुए प्रधानमंत्री ने बताया कि पीएम मत्स्य संपदा योजना के तहत केरल को 1,400 करोड़ रुपए की सहायता दी गई है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने पहली बार मत्स्य पालन के लिए अलग मंत्रालय बनाया, ताकि इस क्षेत्र की जरूरतों पर विशेष ध्यान दिया जा सके।
पीएम मोदी ने बताया कि अब मछुआरों को किसान क्रेडिट कार्ड की सुविधा भी दी जा रही है और गहरे समुद्र में मछली पकड़ने के लिए नौकाओं के आधुनिकीकरण में मदद की जा रही है। बुनियादी ढांचे के विकास पर बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस और एलडीएफ ने इस दिशा में ध्यान नहीं दिया और उनके कार्यकाल भ्रष्टाचार से भरे रहे।
उन्होंने दावा किया कि भाजपा रोजगार के अवसर पैदा करने के लिए बड़े पैमाने पर ढांचा निर्माण कर रही है। केरल का पूरा रेल नेटवर्क अब विद्युतीकृत हो चुका है। राज्य में तीन वंदे भारत ट्रेनें पहले से चल रही हैं और कुछ घंटे पहले ही अमृत भारत एक्सप्रेस भी शुरू की गई है। धार्मिक आस्था के मुद्दे पर बोलते हुए पीएम मोदी ने भगवान अयप्पा और सबरीमाला मंदिर का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पूरे देश के लोगों की भगवान अयप्पा में गहरी आस्था है, लेकिन एलडीएफ सरकार ने सबरीमाला की परंपराओं को नुकसान पहुंचाया है।
पीएम मोदी ने मंदिर से सोने की चोरी की खबरों का भी जिक्र किया और कहा कि भाजपा सरकार बनने पर इन आरोपों की पूरी जांच की जाएगी और दोषियों को जेल भेजा जाएगा।
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर प्रधानमंत्री ने कहा कि केरल में विकास को सबसे ज्यादा नुकसान भ्रष्टाचार ने पहुंचाया है। उन्होंने सहकारी बैंक घोटाले का जिक्र करते हुए कहा कि गरीब और मध्यम वर्ग की मेहनत की कमाई लूटी गई है। पीएम मोदी ने वादा किया कि भाजपा को मौका देने पर लूटे गए हर रुपये को वापस लाया जाएगा।
कांग्रेस पर हमला करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि पार्टी के पास कोई विकास का एजेंडा नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस आज ऐसी राजनीति कर रही है, जिसे देशभर में लोग अलग नामों से बुलाने लगे हैं। कांग्रेस केरल को अपनी रणनीतियों का प्रयोगशाला बना रही है और यहां कट्टरपंथी तत्वों को बढ़ावा दे रही है।


Leave feedback about this