समग्र शिक्षा सरकारी विद्यालयों में स्वास्थ्य सेवा से संबंधित व्यावसायिक पाठ्यक्रम कर रहे छात्रों को इंटर्नशिप और कार्य-आधारित प्रशिक्षण प्रदान कर रही है। चंडीगढ़ स्थित स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (पीजीआईएमईआर) के सहयोग से, सिरमौर, सोलन और बिलासपुर जिलों के 210 छात्र वर्तमान में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं।
छात्र पीजीआईएमईआर के विभिन्न विभागों में व्यावहारिक अनुभव प्राप्त कर रहे हैं, जिनमें रोगी देखभाल, ओपीडी सेवाएं और अस्पताल संचालन आदि शामिल हैं। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य छात्रों को उनके चुने हुए क्षेत्र में उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए आवश्यक कौशल और ज्ञान से लैस करना है। समग्र शिक्षा के निदेशक राजेश शर्मा ने छात्रों के आत्मविश्वास को बढ़ाने और उन्हें बेहतर करियर के अवसरों के लिए तैयार करने में व्यावहारिक प्रशिक्षण के महत्व पर जोर दिया।
राज्य भर से कुल 773 छात्र इस प्रशिक्षण कार्यक्रम से लाभान्वित होंगे, जो विभिन्न चरणों में आयोजित किया जाएगा। यह पहल समग्र शिक्षा के उन प्रयासों का हिस्सा है जिनका उद्देश्य छात्रों को रोजगार योग्य कौशल प्रदान करना और उन्हें नौकरी के लिए तैयार करना है।
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम छात्रों को व्यावहारिक अनुभव और वास्तविक दुनिया के परिदृश्यों से परिचित कराने के लिए बनाया गया है। पीजीआईएमईआर जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के साथ साझेदारी करके, समग्र शिक्षा का उद्देश्य अकादमिक शिक्षा और उद्योग की आवश्यकताओं के बीच की खाई को पाटना है। कार्यक्रम की सफलता छात्रों को सशक्त बनाने और उन्हें अधिक रोजगार योग्य बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा। राज्य सरकार छात्रों को विभिन्न पाठ्यक्रमों के माध्यम से व्यावसायिक शिक्षा प्रदान कर रही है, जिसका उद्देश्य उन्हें रोजगार योग्य कौशल से लैस करना है।

