मंडी जिले के धरमपुर उपमंडल के तिहरा वार्ड में मंगलवार को जिला परिषद चुनाव के दौरान प्रॉक्सी वोटिंग के आरोपों के सामने आने के बाद विवाद खड़ा हो गया। उम्मीदवार रंजीता ठाकुर और उनके मतदान एजेंट सतीश कुमार ने मंडी के उपायुक्त और धरमपुर के एसडीएम के पास औपचारिक शिकायत दर्ज कराई, जिसमें आरोप लगाया गया कि किसी अन्य मतदाता के नाम पर फर्जी वोट डाला गया था।
शिकायत के अनुसार, उम्मीदवार वंदना गुलेरिया के बेटे दक्ष गुलेरिया का वोट कथित तौर पर उनके ड्राइवर द्वारा डाला गया था। बताया जाता है कि मतदाता सूची में दक्ष गुलेरिया का नाम क्रमांक 44 पर है। रंजीता ने विपक्षी खेमे पर चुनाव परिणाम को प्रभावित करने के लिए प्रॉक्सी वोटिंग का सहारा लेने का आरोप लगाया और जिला प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की।
वंदना गुलेरिया पूर्व मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर की बेटी हैं। शिकायत मिलने के बाद धरमपुर के एसडीएम जोगिंदर पटियाल ने मामले की जांच के आदेश दिए और नायब तहसीलदार और संबंधित सेक्टर अधिकारी को मतदान केंद्र जाकर आरोपों की जांच करने का निर्देश दिया।
अधिकारियों ने विवादित मतदान से संबंधित जानकारी जुटाना और तथ्यों की पुष्टि करना शुरू कर दिया है। शिकायतकर्ताओं ने कथित फर्जी मतदान को रद्द करने और आरोपों के सही पाए जाने पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
इस बीच, वंदना गुलेरिया ने आरोपों को खारिज करते हुए उन्हें राजनीतिक रूप से प्रेरित और अपने विरोधियों की साजिश का हिस्सा बताया। तिहरा वार्ड चुनाव में वंदना गुलेरिया, अनीता ठाकुर और रंजीता ठाकुर के बीच त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिला।
मंडी के उपायुक्त अपूर्व देवगन ने कहा कि एक निर्धारित प्रक्रिया है जिसके तहत यदि किसी उम्मीदवार या मतदान प्रतिनिधि को किसी मतदाता की पहचान के बारे में कोई संदेह हो तो वे मतदान केंद्र पर पीठासीन अधिकारी के समक्ष प्रॉक्सी वोटिंग का मुद्दा उठा सकते हैं। हालांकि, उन्होंने आगे कहा कि मतदान के समय ऐसी कोई आपत्ति नहीं उठाई गई।


Leave feedback about this