N1Live National लोकसभा में बांसुरी स्वराज बोलीं-‘एंटी पेपर लीक बिल मोदी सरकार की संवेदनशीलता का प्रमाण’
National

लोकसभा में बांसुरी स्वराज बोलीं-‘एंटी पेपर लीक बिल मोदी सरकार की संवेदनशीलता का प्रमाण’

Bansuri Swaraj spoke in the Lok Sabha: 'The Anti-Paper Leak Bill is a testament to the Modi government's sensitivity.'

लोकसभा में मंगलवार को पब्लिक एग्जामिनेशंस (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) (संशोधन) विधेयक, 2026 पर चर्चा के दौरान भाजपा सांसद बांसुरी स्वराज ने विधेयक का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक जरूरी कानून नहीं बल्कि आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत है। इस विधेयक को लाना मोदी सरकार की जिम्मेदारी और छात्रों के भविष्य के प्रति उसकी संवेदनशीलता का प्रमाण है।

बांसुरी स्वराज ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि पेपर लीक एक घोर अपराध है। यह केवल एक राजनीतिक बयान नहीं बल्कि मोदी सरकार की स्पष्ट नीयत और प्रतिबद्धता है। उन्होंने कहा कि इसी सोच के साथ सरकार यह संशोधन विधेयक लेकर आई है ताकि परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाया जा सके।

उन्होंने कहा कि आज परीक्षा माफिया संगठित रूप से काम कर रहा है, इसलिए उससे निपटने के लिए मजबूत कानून की जरूरत थी। यह विधेयक न्यायिक प्रक्रिया में आने वाली कई व्यावहारिक कठिनाइयों को भी दूर करता है।

उन्होंने विशेष रूप से इस बात का जिक्र किया कि इस कानून में जांच के लिए केंद्र सरकार को टास्क फोर्स बनाने का अधिकार दिया गया है। खुद को वकील बताते हुए उन्होंने कहा कि यह एक मजबूत और प्रभावी कानूनी व्यवस्था की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इसके लिए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार को बधाई भी दी।

सदन में बहस के दौरान बांसुरी स्वराज ने विपक्ष पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पेपर लीक जैसे गंभीर मुद्दे पर बहस तथ्यों के आधार पर होनी चाहिए, न कि पूर्वाग्रह या राजनीतिक नैरेटिव के आधार पर। कई बार विपक्ष सरकार पर आरोप लगाता है कि आरोपी जमानत पर बाहर हैं जबकि जमानत सरकार नहीं, अदालत देती है क्योंकि लोकतंत्र में न्यायपालिका स्वतंत्र है।

उन्होंने कांग्रेस और विपक्षी दलों को घेरते हुए यूपीए सरकार के कार्यकाल से लेकर राजस्थान और पश्चिम बंगाल में हुए पेपर लीक और भर्ती घोटालों के कई मामलों का जिक्र किया। साथ ही उन्होंने हाल ही में पंजाब में फार्मेसी ऑफिसर भर्ती परीक्षा में हाईटेक ब्लूटूथ तकनीक के इस्तेमाल का भी जिक्र किया।

बांसुरी स्वराज ने विपक्ष से सवाल करते हुए कहा, “अगर यह सिद्धांतों की लड़ाई है, तो सरकार बदलते ही सिद्धांत कैसे बदल जाते हैं?” उन्होंने पूछा कि कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने पंजाब के शिक्षा मंत्री का इस्तीफा मांगा है या नहीं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का मंत्र है, “डिटेक्ट, डिसाइड एंड डिलिवर।” भाजपा सांसद ने कहा कि सरकार की नीति स्पष्ट है और परीक्षा प्रणाली में किसी भी तरह की धांधली को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

बांसुरी स्वराज ने पेपर लीक माफियाओं को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि वे इस सदन के सामूहिक संकल्प से बड़े नहीं हैं। उन्होंने सभी सांसदों से अपील की कि वे इस विधेयक का समर्थन करें और इसे पारित कर देश के करोड़ों छात्रों के भविष्य को सुरक्षित बनाने में सहयोग दें।

Exit mobile version