N1Live National भागीरथ ने कानूनी प्रक्रिया और न्यायपालिका का सम्मान करते हुए सरेंडर किया : भाजपा नेता कृष्णकांत पोथिरेड्डी
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भागीरथ ने कानूनी प्रक्रिया और न्यायपालिका का सम्मान करते हुए सरेंडर किया : भाजपा नेता कृष्णकांत पोथिरेड्डी

Bhagirath surrendered respecting the legal process and the judiciary: BJP leader Krishnakanth Pothireddy

केंद्रीय राज्यमंत्री बंदी संजय कुमार के बेटे साई भागीरथ की पॉक्सो मामले में गिरफ्तारी को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा ने कानून का सम्मान करते हुए किसी भी तरह के हस्तक्षेप से इनकार किया है, जबकि विपक्षी दलों ने इसे सकारात्मक कदम बताया है।

भाजपा नेता और हाई कोर्ट वकील कृष्णकांत पोथिरेड्डी ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा, “जैसा कि शनिवार को बंदी संजय कुमार ने कहा था, साई भागीरथ ने कानूनी प्रक्रिया और न्यायपालिका का सम्मान करते हुए खुद को पुलिस के हवाले कर दिया है। शुरू से ही हमारा रुख स्पष्ट रहा है कि हम संविधान, कानूनी प्रक्रियाओं और न्यायपालिका में पूर्ण विश्वास रखते हैं।”

दिल्ली में भाजपा प्रवक्ता आरपी सिंह ने कहा, “कानून अपना काम करेगा। हमारी तरफ से कोई बचाव या दखल नहीं होगा। बंदी संजय कुमार ने खुद अपने बेटे से सरेंडर करने को कहा है, जो एक अच्छी बात है। जो भी कानूनी कार्रवाई होगी, अधिकारी उसे कानून के मुताबिक ही करेंगे।”

टीआरएस नेता एम. वर लक्ष्मी ने इस मामले पर हैरानी जताते हुए कहा, “आज हम एक हैरान करने वाली बात देख रहे हैं। बंदी संजय कहते हैं कि उन्होंने अपने बेटे को पुलिस के हवाले कर दिया, यानी वे खुद उसे पुलिस स्टेशन ले गए। वहीं पुलिस का कहना है कि उन्होंने उसे गिरफ्तार किया है।”

तेलंगाना जन समिति (टीजेएस) के संस्थापक एम. कोडंडाराम ने गिरफ्तारी का स्वागत करते हुए कहा, “बंदी संजय के बेटे साई भागीरथ को आखिरकार गिरफ्तार कर लिया गया है, जो बिल्कुल सही है। कानून किसी नाबालिग के साथ शारीरिक संबंध बनाने की मनाही करता है। यह गंभीर अपराध है। साई भागीरथ अपने पिता के पद का गलत इस्तेमाल कर रहा था और लोगों को धमकाने व दबाव डालने की कोशिश कर रहा था। कानून सबके लिए बराबर है।”

वहीं, भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के कार्यकारी अध्यक्ष के.टी. रामाराव (केटीआर) ने मांग की है कि निष्पक्ष और स्वतंत्र जांच सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय राज्यमंत्री को तत्काल पद से हटाया जाए।

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