September 19, 2026
Punjab

श्री काली माता मंदिर, पटियाला में मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान और अरविंद केजरीवाल की ओर से 75 करोड़ रुपए के विकास कार्यों का शुभारंभ

Chief Minister Bhagwant Singh Mann and Arvind Kejriwal inaugurate development works worth Rs 75 crore at Shri Kali Mata Mandir, Patiala

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान और ‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल की ओर से आज ऐतिहासिक श्री काली माता मंदिर के नवीनीकरण के लिए 75 करोड़ रुपए के प्रोजेक्टों की शुरुआत की गई।

सभा को संबोधित करते हुए ‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक ने कहा कि यह प्रदेश सरकार का विशेष दायित्व बनता है कि वह अधिक जन महत्व वाले ऐसे प्रोजेक्टों को प्राथमिकता दे। उन्होंने अफसोस जताया कि पिछली प्रदेश सरकारों ने कभी भी जन महत्व वाले इन कार्यों को करने की इच्छा नहीं दिखाई। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि यह उनका सौभाग्य है कि माता रानी ने आप के नेतृत्व वाली सरकार को यह मौका दिया है। उन्होंने कहा कि यह काम एक साल के अंदर-अंदर पूरा कर लिया जाएगा।

‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक ने कहा कि श्री काली माता मंदिर उत्तरी भारत के सबसे सम्मानित और ऐतिहासिक मंदिरों में से एक है। उन्होंने कहा कि यह मंदिर पंजाब की समृद्ध आध्यात्मिक विरासत और शाही संरक्षण का प्रमाण है। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मंदिर परिसर में काली माता को समर्पित मुख्य मंदिर के साथ शक्ति के ब्रह्म स्वरूप श्री राज राजेश्वरी जी का प्राचीन मंदिर भी है।

‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक ने कहा कि श्रद्धा के ये दोनों स्थल मंदिर परिसर को आध्यात्मिक रूप से अधिक महत्वपूर्ण और वास्तुकला की दृष्टि से अधिक अनोखा बनाते हैं, जहां सदियों पुरानी परंपराओं का आधुनिक बुनियादी ढांचे के साथ बेहद सुंदर मेल देखने को मिलता है। उन्होंने कहा कि मंदिर की महत्वता इस तथ्य से स्पष्ट होती है कि यहां लगभग 10,000 श्रद्धालु रोजाना, लगभग 40,000 हर शनिवार को आते हैं और नवरात्रि के त्योहार के दौरान यह संख्या लगभग एक लाख हो जाती है। श्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि राज्य सरकार ने श्री काली माता मंदिर को नया रूप देने के लिए 73.52 करोड़ रुपए के कई प्रोजेक्ट शुरू किए हैं।

‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक ने कहा कि मंदिर के सरोवर को भाखड़ा नहर से साफ पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए काम चल रहा है और इस प्रोजेक्ट के लिए 1.15 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत की गई है। उन्होंने कहा कि इसी तरह मंदिर के मौजूदा सीवरेज सिस्टम और वर्षा जल निकासी ढांचे को 49.06 लाख रुपए की लागत से अपग्रेड किया जा रहा है। श्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मंदिर परिसर के अंदर 25 लाख रुपए की लागत से आम आदमी क्लीनिक स्थापित किया जा रहा है, जो न केवल स्थानीय निवासियों बल्कि यहां आने वाले श्रद्धालुओं को भी चिकित्सा सहायता प्रदान करेगा।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि मंदिर की आध्यात्मिकता और सुंदरता में वृद्धि करने के लिए प्रमुख तीर्थ स्थलों की तरह सरोवर के पास एक लाइट एंड साउंड शो करवाया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट पर 6.78 करोड़ रुपए की लागत आएगी और इस संबंध में टेंडर जारी कर दिए गए हैं। भगवंत सिंह मान ने आगे कहा कि नई बनी इमारत में 15.11 लाख रुपए की लागत से एक लिफ्ट लगाई जा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सरोवर के पास नया रास्ता बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मंदिर की नई इमारत, गलियारा, चारदीवारी, प्रवेश द्वार और सरोवर संबंधी प्रोजेक्ट सामूहिक रूप से शुरू किए गए हैं। सिख और हिंदू परंपराओं के अनुसार आने वाले श्रद्धालुओं, विशेष रूप से दूर-दराज के या आर्थिक रूप से कमजोर श्रद्धालुओं के लिए भगवंत सिंह मान द्वारा रोजाना लंगर सेवा शुरू की जाएगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मंदिर के सरोवर का पूर्ण रूप से नवीनीकरण किया जाएगा, जिसमें गाद निकालना, वाटरप्रूफिंग, किनारों के साथ पत्थर का काम और रास्ते की तैयारी शामिल है।

उन्होंने कहा कि यह प्रोजेक्ट मंदिर की पवित्रता और इसकी विरासती वास्तुकला को बनाए रखते हुए इसकी शान में वृद्धि करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। भगवंत सिंह मान ने कहा कि अक्सर अधिक ट्रैफिक के दौरान उपयोग किए जाने वाले पिछले गेट को फिर से खोलने और इसके नवीनीकरण का प्रस्ताव रखा गया है।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि मंदिर के सभी प्रवेश द्वारों को पारंपरिक वास्तु कला के अनुसार पुन: डिजाइन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सप्ताह के अंतिम दिनों और नवरात्रि के दौरान, जब बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की आमद होती है, तब उनकी सुचारू आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए बैरिकेड वाली लेन और साइन बोर्डों के साथ एक योजनाबद्ध कतार प्रबंधन प्रणाली शुरू की जाएगी। भगवंत सिंह मान ने कहा कि शहरी योजना और विरासत विशेषज्ञों से परामर्श करके भविष्य की निर्माण, विरासती संरक्षण, तीर्थ यात्रा संबंधी सुविधाएं, स्वच्छता, पार्किंग और ट्रैफिक प्रबंधन को कवर करते हुए व्यापक मास्टर प्लान तैयार किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भीड़-भाड़ को रोकने और प्रसाद की सुचारू वितरण सुनिश्चित करने के लिए, माता वैष्णो देवी मंदिर की तरह एक टोकन प्रणाली शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा कि विभिन्न मौसमों के दौरान बुजुर्ग श्रद्धालुओं, माताओं और विकलांग व्यक्तियों की सुविधा के लिए संगत हॉल को पूरी तरह एयर-कंडीशंड हॉल में अपग्रेड किया जाएगा। भगवंत सिंह मान ने कहा कि यह सरकार का दायित्व है कि वह प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को संभाले ताकि युवा पीढ़ी अपने शानदार अतीत से जुड़ी रहे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए मंदिर के अंदर एक हॉल बनाया गया है और 300 वाहनों के लिए पार्किंग की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार इस आध्यात्मिक केंद्र को पंजाब के एक वास्तु कला के नमूने के रूप में विकसित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। भगवंत सिंह मान ने आगे कहा कि प्रदेश सरकार इस नेक कार्य के लिए कोई कसर बाकी नहीं छोड़ेगी।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री डॉ. बलवीर सिंह और आप के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया भी उपस्थित थे।

Leave feedback about this

  • Service