दिल्ली के रोहिणी में पेट्रोल पंप के पास 16 फरवरी को हुई घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। रोहिणी जिले के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त राजीव रंजन ने मामले का खुलासा करते हुए बड़ी जानकारी दी है।
बता दें कि बीते सोमवार को शाम 6:56 बजे बेगमपुर पुलिस स्टेशन को सेक्टर 23, रोहिणी में पेट्रोल पंप के पास जमीन पर सीने में चाकू के घावों से घायल एक व्यक्ति के बेहोश पड़े होने की सूचना मिली थी। जानकारी मिलते ही पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और घायल व्यक्ति को एसजीएम अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मृतक की पहचान अमरनाथ यादव के रूप में हुई थी। जिसको चाकू मारकर मोबाइल फोन लूट लिया गया था। बेगमपुर पुलिस स्टेशन में बीएनएस की धारा 103(1) के तहत एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। बेगमपुर एसएचओ के नेतृत्व में एक टीम ने तीन दिन के अंदर ही दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की। जांच के दौरान, मोबाइल क्राइम टीम और एफएसएल रोहिणी टीम ने घटनास्थल का मुआयना किया और साक्ष्य एकत्र किए।
जांच टीम ने इलाके के आसपास के रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं, निगरानी योजना के सदस्यों और कबाड़ इकट्ठा करने वालों से गहन पूछताछ की। तकनीकी निगरानी और मुखबिर के जानकारी के आधार पर, टीम को विश्वसनीय गुप्त सूचना मिली कि घटना स्थल के पास दो व्यक्तियों को एक ग्रे स्कूटी पर घूमते देखा गया था। संदिग्धों के बारे में बताया गया कि वे जीटीबी कॉलोनी (सरदार कॉलोनी), रोहिणी के पास रहने वाले नशाखोर थे और अक्सर उस इलाके में आते-जाते थे।
सूचना के आधार पर संदिग्धों का पता लगाने के लिए निरंतर प्रयास किए गए। 19 फरवरी गुरुवार को, 29 वर्षीय रोहित नाम के एक संदिग्ध का पता लगाया गया और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ के दौरान, उसने खुलासा किया कि उसने अपने साथी दुर्गेश उर्फ दुर्गी के साथ मिलकर अपराध किया था। पुलिस ने दुर्गेश उर्फ दुर्गी को भी उसके ठिकाने से गिरफ्तार कर लिया। उनकी निशानदेही पर, मृतक का मोबाइल फोन, घायल चश्मदीद का मोबाइल फोन, वारदात में इस्तेमाल किया गया वाहन, चाकू और दोनों आरोपियों द्वारा अपराध के समय पहने गए खून से सने कपड़े बरामद कर लिए गए।

