February 12, 2026
Entertainment

निर्देशक जसपाल के भरोसे और गाइडेंस ने मेरा मुश्किल किरदार आसान बनाया: अक्षय डोगरा

Director Jaspal’s trust and guidance made my difficult role easy: Akshay Dogra

12 फरवरी । क्राइम थ्रिलर फिल्म ‘वध-2’ हाल ही में सिनेमाघरों में रिलीज हुई और दर्शकों से इसे काफी सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। दर्शक फिल्म की कहानी और किरदारों की गहराई को लेकर सराहना कर रहे हैं।

फिल्म में अक्षय सिंह डोगरा ने केशव का एक निगेटिव रोल निभाया है। अभिनेता ने आईएएनएस से अपने किरदार की तैयारी को लेकर खुलकर बात की। उन्होंने अपने किरदार को निभाने का श्रेय निर्देशक को दिया। अभिनेता ने बताया, “निर्देशक को पूरी कहानी और हर किरदार की बारीकियां अच्छे से पता थीं, जिससे मुझे इस किरदार में ढलने में आसानी हुई।”

अभिनेता ने बताया कि शूटिंग के दौरान ऐसी कई चीजें हुईं जो सिर्फ निर्देशक को दिख रही थीं। उन्होंने कहा, “जब हम किसी किरदार में जी रहे होते हैं तो शूटिंग के दौरान वह किरदार अपने आप विकसित होने लगता है, क्योंकि शूट के समय किरदार का ग्राफ अपने आप बनता चला गया और बाद में हम सभी ने मिलकर यह तय किया था कि इस किरदार को हम डायलॉग की बजाय ज्यादातर लुक्स, एक्शन्स और बॉडी लैंग्वेज के जरिए दिखाएंगे।”

अभिनेता ने अपने किरदार को लेकर गहराई से बात की। उन्होंने कहा कि वे खुद बौद्ध दर्शन को मानते हैं और दलाई लामा के विचारों से प्रभावित हैं। उन्होंने कहा, “दलाई लामा कहते हैं कि किसी इंसान को नहीं, उसके एक्शन को देखना चाहिए। कोई इंसान जन्म से गलत नहीं होता, बल्कि परिस्थितियां उसे गलत रास्ते पर ले जाती हैं। इसी सोच के आधार पर हमने केशव को ऐसे बनने की प्रक्रिया पर चर्चा की कि वो ऐसा क्यों बना।”

अभिनेता ने बताया कि केशव के किरदार को लेकर वे काफी परेशान थे कि इसे कैसे करेंगे। उन्होंने कहा, “मैं इसको लेकर काफी परेशान था कि इसे कैसे निभाया जाएगा, तो जसपाल ने मुझे भरोसा दिलाया कि आराम से हो जाएगा।

अक्षय का कहना है कि निर्देशक जसपाल की अच्छी गाइडेंस की वजह से इस किरदार को जीवंत करने में आसानी रही और कहानी की मजबूत पकड़ और किरदारों की गहराई के कारण चीजें खुद-ब-खुद क्लियर होती गईं, जिससे किरदार को जीवंत करने में आसानी रही।

अभिनेता ने अपने लंबे करियर का जिक्र करते हुए कहा कि बड़े अभिनेताओं के साथ काम करने के बाद अब उनमें ठहराव आ गया है। उन्होंने कहा, “पहले जहां इमोशनल सीन के लिए घंटों तैयारी करनी पड़ती थी, अब स्विच ऑन-ऑफ का स्किल आ गया है। अब चार-पांच पेज के इमोशनल सीन भी आसानी से हो जाते हैं।

Leave feedback about this

  • Service