राजस्थान के चौमूं में पत्थरबाजी की घटना के एक हफ्ते बाद नगर परिषद ने बड़ी कार्रवाई की है। शुक्रवार सुबह नगर परिषद ने पुलिस की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच घटनास्थल के नजदीक बुलडोजर कार्रवाई की।
जयपुर के ग्रामीण क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले चौमूं के पठान मोहल्ले में अवैध निर्माण को लेकर नगर परिषद की तरफ से कई लोगों को नोटिस थमाया गया था। इसमें अतिक्रमण हटाने और जवाब पेश करने के लिए 31 दिसंबर तक का समय दिया गया। दो दिन बाद शुक्रवार को नगर परिषद की टीमें कई मशीनों के साथ मौके पर पहुंचीं और अवैध अतिक्रमण को हटाने की कार्रवाई शुरू की।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए डीसीपी हनुमान प्रसाद मीणा के नेतृत्व में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। एसएचओ प्रदीप शर्मा ने बताया कि यह नगर परिषद की कार्रवाई है। लोगों ने अवैध रूप से निर्माण किया था। अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ कार्रवाई में शुक्रवार सुबह नगर परिषद ने अवैध निर्माण को हटाने का काम शुरू किया। नगर परिषद ने पुलिस बल की मांग की थी, जिसके बाद एक टीम को यहां तैनात किया गया है।
गौरतलब है कि 25 दिसंबर की रात को बस स्टैंड क्षेत्र में एक मस्जिद के नजदीक सालों से पत्थर पड़े हुए थे। सहमति के बाद उन पत्थरों को हटाया जा चुका था, लेकिन कुछ समय में ही एक पक्ष ने वहां लोहे की रेलिंग लगाने की कोशिश की। इसी को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हुआ था।
दो पक्षों के बीच लड़ाई के दौरान भारी पत्थरबाजी भी हुई, जिससे चौमूं के इलाके में हालात तनावपूर्ण बन गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा था और तत्काल कार्रवाई करते हुए हालात को संभाला। इसी घटना के बाद प्रशासन ने इलाके में अवैध निर्माण को चिह्नित करते हुए बिना अनुमति के संचालित दुकानों के खिलाफ नोटिस जारी किए थे।

