10 जून । झारखंड की दो राज्यसभा सीटों के लिए हो रहे चुनाव में भाजपा समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नाथवानी के नामांकन पत्र पर उठी आपत्तियों को लेकर बुधवार को कई घंटे तक सुनवाई चली। हालांकि, समाचार लिखे जाने तक निर्वाची पदाधिकारी ने इस मामले में अपना फैसला सुरक्षित रखा था।
इस बीच विधानसभा परिसर और उसके बाहर कांग्रेस तथा भाजपा कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया, जिससे राजनीतिक माहौल गरमा गया। नाथवानी के पर्चे पर कांग्रेस की ओर से दर्ज आपत्तियों को लेकर दोनों पक्षों ने निर्वाची पदाधिकारी रंजीत कुमार के समक्ष अपना-अपना पक्ष रखा।
कांग्रेस का आरोप है कि कुछ दस्तावेजों में नाम ‘परिमल नाथवानी’ जबकि अन्य में ‘नाथवानी परिमल’ दर्ज है। इसके अलावा नामांकन पत्र के कुछ कॉलम रिक्त छोड़ने और आवश्यक जानकारियां उपलब्ध नहीं कराने को लेकर भी आपत्तियां दर्ज कराई गई हैं। कांग्रेस के राज्यसभा उम्मीदवार प्रणव झा के प्रस्तावक और कोलेबिरा विधायक नमन विक्सल कोंगाड़ी ने इस संबंध में लिखित आपत्ति दर्ज कराई थी।
इसके बाद मंगलवार को नामांकन की जांच प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी थी और मामले की सुनवाई बुधवार तक के लिए स्थगित कर दी गई थी। बुधवार को हुई सुनवाई के दौरान कांग्रेस उम्मीदवार प्रणव झा की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने अपना पक्ष रखा। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद भी विधानसभा पहुंचे और कानूनी दलीलें दीं। दूसरी ओर, परिमल नाथवानी की ओर से भी सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता ने आपत्तियों का जवाब प्रस्तुत किया।
निर्वाची पदाधिकारी के कक्ष में चली सुनवाई के समानांतर विधानसभा परिसर और उसके बाहर राजनीतिक गतिविधियां भी तेज रहीं। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने नाथवानी का नामांकन रद्द करने की मांग को लेकर नारेबाजी की। उनका आरोप था कि नामांकन पत्र में कथित त्रुटियों के बावजूद उम्मीदवार को राहत देने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि अन्य राज्यों में समान मामलों में अलग रुख अपनाया गया है। प्रदर्शन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, मंत्री इरफान अंसारी, दीपिका पांडेय सिंह, शिल्पी नेहा तिर्की समेत कई नेता शामिल हुए।
इस दौरान कुछ कांग्रेस समर्थकों के विधानसभा परिसर में प्रवेश करने से सुरक्षा कर्मियों के साथ धक्का-मुक्की की स्थिति भी बनी। दूसरी ओर भाजपा कार्यकर्ता भी नाथवानी के समर्थन में विधानसभा पहुंचे और उनके नामांकन को वैध बताते हुए नारेबाजी की। भाजपा विधायक सीपी सिंह ने भाजपा कार्यकर्ताओं को रोके जाने पर नाराजगी जताते हुए प्रशासन पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया। झारखंड की दो राज्यसभा सीटों के लिए 18 जून को मतदान होना है।
सत्तारूढ़ इंडिया गठबंधन की ओर से झामुमो के बैद्यनाथ राम और कांग्रेस के प्रणव झा मैदान में हैं, जबकि परिमल नाथवानी ने निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में पर्चा भरा है और उन्हें भाजपा का समर्थन प्राप्त है। अब सभी की निगाहें निर्वाची पदाधिकारी के फैसले पर टिकी हैं।

