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टीएमसी ने पार्टी दफ्तरों पर सीआईडी की कार्रवाई के खिलाफ कलकत्ता हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया

The TMC has moved the Calcutta High Court against the CID's action at party offices.

10 जून । तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने बुधवार को कलकत्ता हाई कोर्ट का रुख किया। पार्टी ने विधायकों के हस्ताक्षर मेल न खाने के मामले में मंगलवार को राज्य के क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट (सीआईडी) द्वारा पार्टी दफ्तरों में की गई कथित कार्रवाई को चुनौती दी है।

बुधवार सुबह जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की सिंगल-जज वेकेशन कोर्ट में दायर याचिका में पार्टी के चार बार लोकसभा सदस्य रहे और सीनियर वकील कल्याण बनर्जी ने कहा कि मामले के मुख्य गवाहों की गैर-मौजूदगी में छापे और तलाशी अभियान चलाए गए। साथ ही, पार्टी के जिन दो दफ्तरों में एक साथ छापे और तलाशी अभियान चलाए गए, वहां मौजूद पार्टी के अहम दस्तावेजों की भी जांच-पड़ताल की गई।

याचिका में कल्याण बनर्जी ने इस बात की ओर भी इशारा किया कि छापे और तलाशी अभियान इस तथ्य को नजरअंदाज करते हुए चलाए गए कि तृणमूल कांग्रेस के महासचिव और पार्टी के लोकसभा सदस्य अभिषेक बनर्जी द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई होनी है, जिसमें उन्हें भेजे गए सीआईडी समन को चुनौती दी गई है।

जस्टिस भट्टाचार्य ने याचिका स्वीकार कर ली है और मामले की सुनवाई गुरुवार को होगी। साथ ही, अभिषेक बनर्जी की पहले वाली याचिका पर भी गुरुवार को जस्टिस कौशिक चंदा की सिंगल-जज बेंच सुनवाई करेगी। इस याचिका में सीआईडी के समन को चुनौती दी गई है और गिरफ्तारी समेत पुलिस की सख्त कार्रवाई से सुरक्षा की मांग की गई है। इस याचिका पर बुधवार को सुनवाई होनी थी।

गौरतलब है कि मंगलवार दोपहर को सीआईडी अधिकारियों ने एक साथ कई जगहों पर छापेमारी और तलाशी अभियान चलाया। ये छापे दक्षिण कोलकाता के कालीघाट में पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के घर के पास स्थित पार्टी ऑफिस और मध्य कोलकाता के कैमक स्ट्रीट स्थित एक अन्य ऑफिस में मारे गए। कैमक स्ट्रीट वाले ऑफिस से ही ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी अपना कामकाज संभालते थे।

पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के लिए आरक्षित अहम पदों पर नियुक्ति से जुड़े एक जरूरी प्रस्ताव पर कुछ तृणमूल कांग्रेस विधायकों के हस्ताक्षरों में अंतर के मामले में राज्य की जांच एजेंसी सीआईडी की पूछताछ के लिए अभिषेक बनर्जी पहले ही तीन नोटिस से बच चुके हैं।

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