7 मई । झारखंड के खूंटी जिले की पुलिस ने प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन पीएलएफआई के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने संगठन के तीन सक्रिय हार्डकोर सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जो इलाके में लेवी वसूली और दहशत फैलाने की योजना बना रहे थे।
गिरफ्तार उग्रवादियों की पहचान सैमुएल गुड़िया (20 वर्ष), धीरज स्वांसी (19 वर्ष) और सुनील स्वांसी (28 वर्ष) के रूप में हुई है। खूंटी के पुलिस अधीक्षक ऋषभ गर्ग ने बताया कि उन्हें मुरहू के जंगलों में पीएलएफआई सदस्यों की गुप्त बैठक और संगठन विस्तार की योजना को लेकर सटीक सूचना मिली थी।
सूचना के आधार पर तोरपा एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने जंगल में घेराबंदी कर तीनों को धर दबोचा। पुलिस ने इनके पास से एक देशी कट्टा, 8 एमएम के जिंदा कारतूस, पीएलएफआई के पर्चे, मोबाइल फोन और अन्य संदिग्ध सामान बरामद किया है।
पूछताछ के दौरान गिरफ्तार उग्रवादियों ने कई गंभीर आपराधिक वारदातों में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। उन्होंने कुबूल किया कि बीते 30 अप्रैल को कर्रा थाना क्षेत्र के कटमकुकू में रेलवे निर्माण कार्य में लगे वाहनों पर फायरिंग और आगजनी की घटना को उन्होंने ही अंजाम दिया था।
इसके अलावा, तोरपा थाना क्षेत्र में गैस सप्लाई वाहन पर हुई गोलीबारी में भी इनकी भूमिका रही है। इन सभी मामलों में जिले के विभिन्न थानों में प्राथमिकी दर्ज है। पुलिस ने उनसे संगठन के कई अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी हासिल की है। इसके आधार पर उनके खिलाफ कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
इस सफल ऑपरेशन में कर्रा, तोरपा और जरियागढ़ थाना प्रभारी समेत पुलिस बल के जवान शामिल थे। एसपी ऋषभ गर्ग ने कहा कि जिले में उग्रवादियों के खिलाफ अभियान निरंतर जारी रहेगा।

