N1Live National लखनऊ : अधिकारियों पर उत्पीड़न का आरोप लगाने वाले युवक को अखिलेश यादव ने भेंट किए चाय के बर्तन, भाजपा पर साधा निशाना
National

लखनऊ : अधिकारियों पर उत्पीड़न का आरोप लगाने वाले युवक को अखिलेश यादव ने भेंट किए चाय के बर्तन, भाजपा पर साधा निशाना

Lucknow: Akhilesh Yadav gifts tea utensils to youth who accused officials of harassment, takes a dig at BJP

19 अप्रैल । समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रविवार को ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ को लेकर केंद्र सरकार पर जुबानी हमला बोला। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह महिला आरक्षण के मुद्दे पर देश को गुमराह करने के लिए एक खतरनाक साजिश रच रही है। इसके साथ ही, उन्होंने विपक्षी दलों की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने इस सच्चाई को उजागर कर दिया है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए सपा प्रमुख ने कहा कि भाजपा महिलाओं के अधिकारों के नाम पर राजनीतिक फायदा उठाने की कोशिश कर रही है और असली मुद्दों से ध्यान भटका रही है। भाजपा महिलाओं को सिर्फ चुनावी नारे तक सीमित करके भ्रम फैलाना चाहती है।

इस दौरान अखिलेश यादव ने फतेहपुर में एक चाय की दुकान चलाने वाले युवक से भी मुलाकात की और चाय के बर्तन भेंट किए।

फतेहपुर के आर्यन यादव ने आरोप लगाया था कि जब से उन्होंने सपा अध्यक्ष को अपनी दुकान की चाय पिलाई है, अधिकारियों और स्थानीय नेताओं की तरफ से उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है।

आर्यन ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि अखिलेश यादव को चाय पिलाने के बाद उसे गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी जा रही है। इतना ही नहीं, कुछ लोगों ने मारपीट भी की, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए सपा अध्यक्ष ने दावा किया कि केंद्र सरकार महिला आरक्षण बिल के जरिए महिलाओं के बीच मतभेद पैदा करना चाहती थी, लेकिन विपक्ष की एकता ने इस साजिश को नाकाम कर दिया।

अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ सरकार महिलाओं के नाम पर सिर्फ दिखावा और नारेबाजी कर रही है, जबकि जमीनी स्तर पर उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।

उन्होंने कहा, ”महिलाओं को सशक्त बनाने के बजाय भाजपा उन्हें केवल एक राजनीतिक मुद्दा बनाकर पेश करना चाहती है।”

उन्होंने जाति आधारित जनगणना की मांग को दोहराते हुए कहा कि तय प्रक्रिया से हटकर कोई भी कदम लोगों के मन में भ्रम और डर पैदा करेगा। उन्होंने केंद्र सरकार से प्रशासनिक मर्यादाओं का पालन करने की मांग की। आधी आबादी को उनके प्रतिनिधित्व को ठीक से समझे बिना अधिकार देना उचित नहीं है।

उन्होंने कहा कि जो विपक्ष उभर रहा है, वही देश के अलग-अलग वर्गों की असली आवाज है। अब जनता उनकी डर और भ्रम की राजनीति को समझने लगी है। भाजपा का तथाकथित ‘सीएमएफ (क्रिएट मिस्ट्रस्ट एंड फियर) फॉर्मूला’ अब पुराना हो चुका है और जनता इसे खारिज कर रही है। देश में बढ़ती जन जागरूकता और महिलाओं की जागरूकता आने वाले समय में राजनीतिक समीकरण बदल देगी।

Exit mobile version