राज्य सतर्कता और भ्रष्टाचार विरोधी ब्यूरो (एसवी एंड एसीबी) की पानीपत टीम ने मंगलवार को एक पटवारी और उसके “निजी सहायक” को 20,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा। गौरतलब है कि पटवारी पिछले छह दिनों से हड़ताल पर थे, लेकिन जैसे ही शिकायतकर्ता पास पहुंचा, पटवारी रिश्वत लेने के लिए धरना स्थल छोड़कर चला गया।
आरोपियों की पहचान बाबरपुर तहसील के पटवारी सुभाष और बापोली के आदमी गांव के उस्मान के रूप में हुई है। एसीबी ने उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 के तहत मामला दर्ज किया है।
इंस्पेक्टर ऋषिपाल ने बताया कि एसवी एंड एसीबी को दी गई शिकायत में एक व्यक्ति ने कहा कि उसके रिश्तेदार के पास गंजबर गांव में 100 वर्ग मीटर का एक प्लॉट है और वह प्लॉट उसके रिश्तेदार के नाम पर पंजीकृत भी है। जब उसके रिश्तेदार ने अपने प्लॉट के म्यूटेशन के लिए सुभाष से संपर्क किया, तो उसने 35,000 रुपये की मांग की।
बाद में, सौदा 20,000 रुपये में तय हुआ। शिकायत मिलने पर, एसवी एवं एसीबी की टीम ने आरोपी पटवारी को पकड़ने के लिए जाल बिछाया। टीम ने एक राजपत्रित अधिकारी और एक गुप्त गवाह की उपस्थिति में मौके से रिश्वत की रकम बरामद की।

