भारत रत्न डॉ. भूपेन हजारिका की विरासत को संजोने के लिए असम सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी को पत्र लिखकर कोलकाता स्थित भूपेन हजारिका के ऐतिहासिक आवास को खरीदने और संरक्षित करने में सहयोग की अपील की है।
मुख्यमंत्री सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जानकारी देते हुए लिखा, “भूपेन दा की जिंदगी में कोलकाता का बहुत अहम स्थान था और टॉलीगंज स्थित उनके घर में ही उनके कई यादगार गीत रचे गए थे। हम आने वाली पीढ़ियों के लिए उस विरासत को संजोकर रखना चाहते हैं। इस शानदार विरासत को संरक्षित करने के असम के प्रयासों में मदद के लिए मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी को पत्र लिखा।”
मुख्यमंत्री ने पत्र में लिखा, “मैं आपके ध्यान में असम और पश्चिम बंगाल के बीच एक ऐसे मुद्दे को लाना चाहूंगा, जिसका सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व बहुत अधिक है। जैसा कि आप जानते हैं कि भारत रत्न डॉ. भूपेन हजारिका ने अपने रचनात्मक जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा कोलकाता में बिताया, जहां वे टॉलीगंज स्थित 77बी, गोल्फ क्लब रोड पर रहते थे। इसी पते से इस महान गायक ने कुछ अमर और सदाबहार क्लासिक रचनाएं रचीं।”
उन्होंने आगे लिखा, “असम के लोगों की इस संपत्ति से जुड़ी भावनात्मक भावनाओं को देखते हुए, असम सरकार इस मकान को विरासत संपत्ति के रूप में संरक्षित और विकसित करने के उद्देश्य से इसे खरीदने में अत्यंत रुचि रखती है। अतः, मैं आपके सम्मानित कार्यालय से इस संपत्ति की खरीद में सहयोग करने का अनुरोध करता हूं और इसके लिए सभी आवश्यक औपचारिकताएं हमारी ओर से पूरी की जाएंगी।”
हिमंता ने पत्र में भूपेन हजारिका की जन्म शताब्दी का भी जिक्र किया। उन्होंने लिखा, “महान व्यक्तित्व की चल रही वर्ष भर चलने वाली जन्म शताब्दी समारोह के मद्देनजर और राष्ट्र के प्रति डॉ. भूपेन हजारिका के अपार सांस्कृतिक और ऐतिहासिक योगदान, विशेष रूप से असम और पश्चिम बंगाल के बीच सांस्कृतिक संबंधों में उनके योगदान को ध्यान में रखते हुए, क्या मैं आपसे इस मुद्दे पर व्यक्तिगत रूप से हस्तक्षेप करने और वांछित दिशा में उचित कार्रवाई पर विचार करने का अनुरोध कर सकता हूं?”

