पंजाब के वन एवं वन्यजीव संरक्षण मंत्री लाल चंद कटारुचक ने मंगलवार को कहा कि राज्य की जैव विविधता में सुधार के लिए 760 करोड़ रुपये की परियोजना शीघ्र ही शुरू की जाएगी। जापान अंतर्राष्ट्रीय सहयोग एजेंसी के सहयोग से शुरू की जाने वाली इस परियोजना का उद्देश्य कृषि वानिकी के माध्यम से वृक्षों का विस्तार करना और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण करना है।
इस परियोजना को आठ वर्षों की अवधि में कार्यान्वित करने का प्रस्ताव है, जिसमें राज्य सरकार 15 प्रतिशत धनराशि का योगदान देगी। प्रधान मुख्य वन संरक्षक (पीसीसीएफ) सौरभ गुप्ता ने कहा, “यह जापान के सहयोग से शुरू की गई परियोजना है। जापान इस कार्य के लिए रियायती ऋण दे रहा है। राज्य सरकार बजट का 15 प्रतिशत योगदान देगी।” उन्होंने आगे कहा, “परियोजना को मंजूरी मिल चुकी है। यह प्रारंभिक चरण है। वास्तविक कार्य अगले वर्ष शुरू होगा।”
मंत्री जी ने बताया कि इस परियोजना का उद्देश्य शिवालिक क्षेत्र में कृषि वानिकी को बढ़ावा देना, प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण करना, भूजल संरक्षण करना और एकीकृत जलसंभर प्रबंधन करना है। अन्य पहलुओं में किसानों की आय बढ़ाना, पराली जलाने से होने वाले वायु प्रदूषण को कम करना और ग्रामीण परिवारों की आय में वृद्धि करना शामिल है। इसका उद्देश्य पर्यावरण पर्यटन को बढ़ावा देना भी है। राज्य सरकार ने इस परियोजना को मंजूरी दे दी है। इसके अलावा, केंद्रीय वित्त मंत्रालय के आर्थिक मामलों के विभाग और जापानी कंपनी के बीच ऋण समझौता भी हो चुका है।

