बिजली उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ी राहत की बात यह है कि पंजाब सरकार ने निर्देश जारी किए हैं कि बिलिंग प्रणाली में सुधार होने तक बढ़े हुए या गलत बिलों का भुगतान न करने पर किसी भी बिजली कनेक्शन को डिस्कनेक्ट नहीं किया जाएगा। यह निर्णय उन उपभोक्ताओं की शिकायतों के बाद लिया गया है जिन्हें बिलिंग प्रणाली में खामियों के कारण असामान्य रूप से अधिक बिजली बिल प्राप्त हुए हैं।
सोमवार को जारी निर्देशों में, पीएसपीसीएल के निदेशक (वितरण) ने स्वीकार किया कि मीटर रीडरों की हालिया हड़ताल और एसएपी/गैर-एसएपी प्रणालियों को ओरेकल-आधारित प्रणाली में स्थानांतरित करने के कारण, कुछ उपभोक्ताओं को औसत/अनुमानित आधार पर बिल भेजा गया है।
इसके परिणामस्वरूप, कई उपभोक्ताओं को बढ़े हुए बिल प्राप्त हुए हैं, और पीएसपीसीएल के फील्ड कार्यालयों में कई शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। सरकार ने अब निर्देश दिया है कि जब तक बिलिंग प्रणाली को ठीक नहीं कर दिया जाता और बिलों को सही नहीं कर दिया जाता, तब तक केवल विवादित बिलों के आधार पर डिफॉल्टर घोषित किए गए उपभोक्ताओं के खिलाफ कोई कार्रवाई न की जाए।
एक सरकारी अधिकारी ने बताया कि इस कदम का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि उपभोक्ताओं को बिलिंग त्रुटियों से उत्पन्न बकाया राशि के कारण कनेक्शन कटने की समस्या का सामना न करना पड़े।

