नगर निगम कर्मचारी संघ द्वारा बुलाई गई राज्यव्यापी हड़ताल जारी रहने के कारण फतेहाबाद में लगातार दूसरे दिन भी नागरिक सेवाएं बाधित रहीं। सफाई कर्मचारियों के काम पर न आने के कारण शहर भर की प्रमुख सड़कों, गलियों और सार्वजनिक स्थानों पर कचरे के ढेर लग गए। घर-घर जाकर कचरा इकट्ठा करने की सेवा भी निलंबित रही।
विरोध प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने नगर परिषद कार्यालय के बाहर धरना दिया और राज्य सरकार के खिलाफ नारे लगाए। इस प्रदर्शन का नेतृत्व यूनियन इकाई के अध्यक्ष नरेश राणा ने किया, जबकि सचिव ओम प्रकाश लोट ने कार्यवाही का संचालन किया। नरेश राणा, ओम प्रकाश लोट, सतबीर सहारन, विनोद खिचड़, गुरदयाल भट्टी, राजा चौहान और सत्यवान टोक सहित यूनियन नेताओं ने सरकार की नीतियों की आलोचना की। जिला यूनियन नेता विजय ढाका और वीरू रत्ती ने आरोप लगाया कि सरकार नगर निगम कर्मचारियों और दलित समुदाय के सदस्यों के साथ भेदभाव कर रही है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि सरकार 1 से 14 मई तक चली 14 दिवसीय हड़ताल के बाद 13 मई, 2026 को दिए गए लिखित आश्वासन का पालन करने में विफल रही है। यूनियन के अनुसार, सरकार ने बातचीत के दौरान कई प्रमुख मांगों को स्वीकार किया था और उनके शीघ्र कार्यान्वयन का वादा किया था। हालांकि, आवश्यक अधिसूचनाएं जारी नहीं की गई हैं, जिसके कारण कर्मचारियों ने अपना आंदोलन फिर से शुरू कर दिया है।

