कर्नाटक विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और वरिष्ठ भाजपा नेता आर. अशोक ने घोषणा की कि भाजपा बुधवार को बेंगलुरु स्थित कर्नाटक कांग्रेस कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करेगी। उन्होंने कांग्रेस और राहुल गांधी पर नीट मुद्दे को लेकर “राजनीतिक ड्रामा” करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी कर्नाटक के गंभीर मुद्दों, जैसे सूखे की स्थिति और आरसीबी की जीत के जश्न के दौरान हुई मौतों की अनदेखी कर रही है।
मीडिया से बातचीत में अशोक ने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व कर्नाटक के बड़े हिस्से में पड़े भीषण सूखे से निपटने के बजाय दिल्ली में प्रदर्शन करने में व्यस्त है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार सूखे की स्थिति से प्रभावी ढंग से नहीं निपट रही है। साथ ही मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार, मंत्रियों, पूर्व मंत्रियों और विधायकों पर राष्ट्रीय राजधानी में राजनीतिक गतिविधियों में व्यस्त रहने का आरोप लगाया।
अशोक ने कहा, “राज्य का लगभग पूरा हिस्सा सूखे की चपेट में है। अब तक 175 तालुक प्रभावित हो चुके हैं और केवल कुछ ही जिले इससे बचे हैं। लेकिन आज कर्नाटक में सरकार दिखाई नहीं दे रही है। सरकार को तुरंत सूखा घोषित करना चाहिए और प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र तथा तालुक में पेयजल कार्यों के लिए 20-20 करोड़ रुपये आवंटित करने चाहिए।”
उन्होंने सूखे की स्थिति की निगरानी और त्वरित समाधान के लिए प्रत्येक तालुक स्तर पर सूखा टास्क फोर्स गठित करने की भी मांग की। नीट मुद्दे पर दिल्ली में कांग्रेस के प्रदर्शन को लेकर अशोक ने आरोप लगाया कि पार्टी राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर रही है।
उन्होंने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा, “कांग्रेस प्रधानमंत्री कार्यालय के पास नीट को लेकर प्रदर्शन कर रही है। यह प्रतिबंधित क्षेत्र है और यह पूरी तरह राजनीतिक प्रदर्शन है। राहुल गांधी के पास इन प्रदर्शनों में शामिल होने का समय है, लेकिन बेंगलुरु में आरसीबी के जश्न के दौरान जान गंवाने वाले 11 निर्दोष लोगों के बारे में बोलने का समय नहीं है।”
आरसीबी की जीत के जश्न के दौरान हुई भगदड़ जैसी घटना का उल्लेख करते हुए अशोक ने सवाल उठाया कि क्या इस मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कोई कार्रवाई हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मुद्दे को जानबूझकर नजरअंदाज किया गया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्यालय के बाहर भाजपा का प्रदर्शन कर्नाटक के मुद्दों की अनदेखी और कांग्रेस नेतृत्व की विफलताओं को उजागर करने के लिए किया जाएगा।
अशोक ने कहा, “आपको संसद में बोलने का अधिकार है, लेकिन आपने अपनी जिम्मेदारियां निभाने में विफलता दिखाई है। राहुल गांधी नेता प्रतिपक्ष की भूमिका निभाने के योग्य नहीं रहे हैं।” उन्होंने बताया कि इस प्रदर्शन में भाजपा विधायक और बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता शामिल होंगे।
कर्नाटक में सूखे की तैयारियों, नीट विवाद और अन्य प्रशासनिक मुद्दों को लेकर सत्तारूढ़ कांग्रेस और विपक्षी भाजपा के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप लगातार तेज हो गए हैं।

