“राजेंद्र राणा और उनके करीबी आशीष शर्मा, हमीरपुर जिले के विकास से कभी संतुष्ट नहीं हुए,” जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सुमन भारती ने मीडियाकर्मियों को संबोधित करते हुए कहा। उन्होंने आगे कहा कि जब भी हमीरपुर से किसी को उच्च पद मिला, चाहे वह पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल हों या वर्तमान मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, राणा और शर्मा दोनों ने उनका विरोध किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व वाली निर्वाचित सरकार को गिराने के प्रयास के लिए ये दोनों नेता ही मुख्य रूप से जिम्मेदार थे।
सुखविंदर सिंह सुक्खू भी हमीरपुर जिले से ही हैं। भारती ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री ने जिले में हजारों करोड़ रुपये के विकास कार्य किए हैं, जिनमें मेडिकल कॉलेज, खेल परिसर, बस स्टैंड, एचपीटीडीसी होटल, पांच राजीव गांधी डे बोर्डिंग स्कूल, हेलीपोर्ट और सीबीएसई स्कूल शामिल हैं, लेकिन हमीरपुर के भाजपा नेताओं के एक गुट को यह दिखाई नहीं दिया। भारती ने कहा कि आशीष शर्मा और राजेंद्र राणा के बयान मुख्यमंत्री की बढ़ती लोकप्रियता के कारण उनकी हताशा को दर्शाते हैं। इस अवसर पर हिमाचल प्रदेश विपणन बोर्ड के अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया भी उपस्थित थे।

