सेल्फी विद डॉटर फाउंडेशन, बिबीपुर मॉडल की तर्ज पर महिला सशक्तिकरण के माध्यम से जिले के बनियानी गांव का ग्रामीण विकास करेगी। इस पहल का उद्देश्य गांव में महिलाओं और बच्चों के अनुकूल सुविधाओं का एक नेटवर्क तैयार करना है ताकि शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, सुरक्षा और रोजगार के अवसरों में गुणात्मक सुधार लाया जा सके।
संगठन के संस्थापक सुनील जगलान ने यह जानकारी देते हुए बताया कि बनियानी पंचायत का चयन ऑनलाइन और ऑफलाइन चयन प्रक्रिया के माध्यम से किया गया है। उन्होंने आगे कहा, “एक विस्तृत एक वर्षीय रोडमैप तैयार किया गया है जिसके तहत पंचायत को महिला एवं बाल हितैषी पंचायत के रूप में विकसित किया जाएगा। इस मॉडल का उद्देश्य केवल सुविधाएं प्रदान करना ही नहीं है, बल्कि गांव की महिलाओं को निर्णय लेने की प्रक्रिया में सक्रिय भागीदार बनाना और बच्चों के लिए एक सुरक्षित और सकारात्मक वातावरण का निर्माण करना भी है।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम में प्रशंसा पाने वाले ‘सेल्फी विद डॉटर’ अभियान के सूत्रधार जगलान ने कहा कि यह पहल बिबीपुर गांव के मॉडल पर आधारित है, जहां देश की पहली डिजिटल पंचायत, महिला-हितैषी पंचायत, बाल-हितैषी पंचायत, ग्राम सचिवालय, ई-ग्राम सभा और पुस्तकालय की स्थापना के साथ-साथ महिला-केंद्रित गांव की अवधारणा को भी लागू किया गया है। उन्होंने आगे कहा कि इस अभियान को दो बार राष्ट्रीय पुरस्कार भी मिला है।
“इस मॉडल को अब तक देश भर के कई गांवों में अपनाया जा चुका है और इसे ग्रामीण विकास के लिए एक सहायक उपकरण के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। बनियानी में इसके जमीनी स्तर पर कार्यान्वयन से महिला सशक्तिकरण के साथ-साथ समग्र विकास का एक नया उदाहरण स्थापित होने की उम्मीद है,” जगलान ने दावा किया।

