June 18, 2026
National

एनएसयूआई जिला अध्यक्षों को नोटिस भेजे जाने पर विश्वास सारंग बोले-राहुल गांधी और खड़गे जिम्मेदार ठहराए जाएं

Vishvas Sarang on notices issued to NSUI district presidents: Rahul Gandhi and Kharge should be held responsible.

मध्य प्रदेश सरकार में मंत्री विश्वास सारंग ने प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा 22 एनएसयूआई जिला अध्यक्षों को प्रदर्शन में न शामिल होने पर नोटिस दिए जाने पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि ऐसे छोटे-छोटे पदाधिकारियों को नोटिस देकर कोई फायदा नहीं, अगर नोटिस देना है तो राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे को देना चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में जिम्मेदारी तय करने की बजाय छोटे कार्यकर्ताओं को दबाव में लेने की राजनीति की जा रही है। उनके अनुसार, यह पूरी प्रक्रिया कांग्रेस की संगठनात्मक कमजोरी को दर्शाती है।

कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन के नामांकन रद्द होने और उससे जुड़े विवाद पर प्रतिक्रिया देते विश्वास सारंग ने कहा कि कांग्रेस को पहले से ही बड़े पैमाने पर क्रॉस वोटिंग की आशंका थी। कांग्रेस विधायक पूरी तरह से पार्टी नेतृत्व के खिलाफ जा चुके थे और इसी वजह से पार्टी अब अपनी साख बचाने में लगी हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि कांग्रेस नेतृत्व वास्तव में इस मामले को गंभीरता से लेता, तो नामांकन प्रक्रिया को सही तरीके से पूरा करवाया जा सकता था।

सारंग ने कहा कि कांग्रेस ने इसके लिए कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाया, लेकिन अपने ही स्तर पर आवश्यक सावधानियां नहीं बरतीं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यदि कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने फॉर्म और प्रक्रिया को सही तरीके से जांच लिया होता, तो विवाद की स्थिति पैदा ही नहीं होती। जिन वकीलों को लेकर वह कोर्ट पहुंचे हैं, अगर उन्हीं से फॉर्म भरवा लेते तो यह स्थिति नहीं होती। उनके अनुसार, कांग्रेस अब अपनी विफलता को छिपाने के लिए अनावश्यक राजनीतिक बयानबाजी कर रही है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस में संगठनात्मक अनुशासन की भारी कमी है और पार्टी में निर्णय प्रक्रिया पूरी तरह से असंतुलित हो चुकी है। सारंग ने आरोप लगाया कि कांग्रेस में योग्यता से अधिक व्यक्तिगत संबंधों और निष्ठा के आधार पर पद दिए जाते हैं।

विश्वास सारंग ने कहा कि 22 एनएसयूआई जिला अध्यक्षों को नोटिस जारी किया गया है। यदि कांग्रेस को वास्तव में कार्रवाई करनी ही थी तो यह कार्रवाई शीर्ष नेतृत्व और बड़े पदाधिकारियों पर होनी चाहिए थी।

उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व पर हमला करते हुए कहा कि यदि नोटिस जारी करना ही है तो सबसे पहले राहुल गांधी और पार्टी के शीर्ष नेताओं को दिया जाना चाहिए, क्योंकि वही पार्टी की दिशा और नीति तय करते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और अन्य वरिष्ठ नेताओं की भूमिका पर भी सवाल उठाए जाने चाहिए।

विश्वास सारंग ने कांग्रेस को सलाह देते हुए कहा कि पार्टी को आत्ममंथन करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को यह समझना चाहिए कि जनता उनके प्रदर्शनों से क्यों नहीं जुड़ रही है और पार्टी की नीतियों में क्या कमी है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस केवल राजनीतिक नाटकीयता में लगी हुई है और वास्तविक मुद्दों से भटक चुकी है।

उन्होंने यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि एक देश में एक समान कानून होना समय की आवश्यकता है। उनके अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार लगातार सुधारात्मक कदम उठा रही है और यूसीसी भी उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि कई राज्यों में इस दिशा में काम शुरू हो चुका है और मध्य प्रदेश सरकार भी इसे लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है।

Leave feedback about this

  • Service