July 24, 2026
National

झारखंड में 720 नई एंबुलेंस खरीदी जाएंगी, एक माह में टेंडर प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश

720 new ambulances will be purchased in Jharkhand; instructions issued to complete the tender process within a month.

झारखंड सरकार ने राज्य में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए 720 नई एंबुलेंस खरीदने का निर्णय लिया है। स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग ने एंबुलेंस खरीद की निविदा प्रक्रिया एक माह के भीतर पूरी करने का निर्देश दिया है। यह निर्णय गुरुवार को विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय बैठक में लिया गया।

बैठक में एंबुलेंस खरीद, संचालन व्यवस्था और निविदा प्रक्रिया की समीक्षा की गई। विभाग के अनुसार, पहले से स्वीकृत 30 एडवांस लाइफ सपोर्ट (एएलएस) एंबुलेंस की खरीद प्रक्रिया जारी रहेगी। इसके अतिरिक्त 20 नई एएलएस, 270 बेसिक लाइफ सपोर्ट (बीएलएस) और 400 पेशेंट ट्रांसपोर्ट व्हीकल (पीटीवी) खरीदे जाएंगे। इस प्रकार कुल 720 नई एंबुलेंस राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं में शामिल होंगी।

बैठक में बताया गया कि पूर्व में खरीदी गई तथा विभिन्न योजनाओं के तहत उपलब्ध कराई गई कई एंबुलेंस अब जर्जर हो चुकी हैं। इससे विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) से मरीजों को रेफरल अस्पतालों तक पहुंचाने में कठिनाई हो रही है। इसी को देखते हुए 400 पेशेंट ट्रांसपोर्ट व्हीकल खरीदने का निर्णय लिया गया है। इन्हें सीएचसी और पीएचसी स्तर पर उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि मरीजों को समय पर स्वास्थ्य संस्थानों तक पहुंचाया जा सके। तय किया गया कि पीटीवी का संचालन संबंधित सीएचसी और पीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी आउटसोर्स व्यवस्था के माध्यम से कराएंगे।

इसके लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) प्रत्येक वाहन के संचालन पर प्रतिमाह 50 हजार रुपये उपलब्ध कराएगा। वहीं एडवांस लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस सभी सदर अस्पतालों और मेडिकल कॉलेज अस्पतालों में तैनात की जाएंगी। इनका संचालन संबंधित अस्पताल प्रबंधन करेगा। बेसिक लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस का संचालन चयनित एजेंसी के माध्यम से किया जाएगा। बैठक में एंबुलेंस की उपयोग अवधि भी निर्धारित की गई।

एएलएस और बीएलएस एंबुलेंस की अधिकतम उपयोग अवधि साढ़े छह वर्ष अथवा 1.50 लाख किलोमीटर तथा पीटीवी की पांच वर्ष अथवा एक लाख किलोमीटर तय की गई है। अपर मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि एएलएस एंबुलेंस निर्धारित मानकों के अनुरूप तैयार की जाएं और उनमें सभी आवश्यक जीवनरक्षक उपकरण उपलब्ध कराए जाएं।

बैठक में विशेष सचिव डॉ. नेहा अरोड़ा, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के मिशन निदेशक शशि प्रकाश झा, संयुक्त सचिव ललित मोहन शुक्ला, उप सचिव ध्रुव प्रसाद तथा विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद थे।

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