बिहार की राजधानी पटना में बुधवार को राजनीतिक तनाव उस समय हिंसक झड़प में बदल गया, जब कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम के बाहर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और कांग्रेस कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों के बीच पहले तीखी नारेबाजी हुई, लेकिन देखते ही देखते विवाद ने हिंसक रूप ले लिया।
इस दौरान दोनों ओर से ईंट-पत्थर चलने के साथ लाठी-डंडों का भी इस्तेमाल किया गया। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और काफी देर तक तनावपूर्ण स्थिति बनी रही। जानकारी के अनुसार, दिल्ली में प्रधानमंत्री आवास के बाहर कांग्रेस के प्रदर्शन के विरोध में भाजपा ने बुधवार कांग्रेस कार्यालय के घेराव का कार्यक्रम आयोजित किया था। इसी क्रम में पटना में भी भाजपा कार्यकर्ताओं ने कुर्जी अस्पताल से कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम तक विरोध मार्च निकाला। बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता जैसे ही कांग्रेस कार्यालय के समीप पहुंचे, वहां मौजूद कांग्रेस कार्यकर्ता भी बाहर आ गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, शुरुआत में दोनों पक्षों के बीच जमकर नारेबाजी और आरोप-प्रत्यारोप हुए। कुछ ही देर बाद माहौल बेकाबू हो गया और दोनों ओर से ईंट-पत्थर फेंके जाने लगे। कई कार्यकर्ता लाठी-डंडे लेकर भी एक-दूसरे से भिड़ गए। सड़क पर काफी देर तक दोनों पक्षों के बीच टकराव चलता रहा, जिससे आसपास के इलाके में दहशत का माहौल बन गया। घटना में दोनों पक्षों के कई कार्यकर्ताओं के घायल होने के दावे किए जा रहे हैं। हालांकि, समाचार लिखे जाने तक प्रशासन की ओर से घायलों की आधिकारिक संख्या की पुष्टि नहीं की गई थी।
सूचना मिलने के बाद पुलिस की कई टीमें मौके पर पहुंचीं और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए दोनों पक्षों को अलग किया। इसके बाद इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई।
उधर, बुधवार को पटना में एक अन्य प्रदर्शन भी चर्चा का विषय रहा। अखिल भारतीय छात्र संघ (आइसा) के कार्यकर्ताओं ने नीट पेपर लीक मामले को लेकर लोकभवन मार्च निकाला, जिसके दौरान भी पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी झड़प और हंगामा देखने को मिला। फिलहाल सदाकत आश्रम और आसपास के क्षेत्र में पुलिस बल तैनात है। प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।

