बेहतर भविष्य की तलाश में इटली गए युवक राज कुमार का पार्थिव शरीर 36 दिन बाद जुगियाल गांव में लौट आया, जिससे गांव में मातम छा गया। गांव वालों और गणमान्य व्यक्तियों की भारी भीड़ के बीच उनका अंतिम संस्कार किया गया, जहां सभी नम आंखों से उन्हें विदाई दे रहे थे।
राज कुमार लगभग डेढ़ साल पहले आर्थिक तंगी से जूझ रहे अपने परिवार का सहारा देने के लिए इटली चले गए थे। दुर्भाग्यवश, 17 फरवरी को एक दुर्घटना में उनकी जान चली गई और इलाज के दौरान 28 फरवरी को चोटों के कारण उनका निधन हो गया।
उनके परिवार को हाल ही में उनके निवास संबंधी दस्तावेज प्राप्त हुए थे, जिससे बेहतर भविष्य की उम्मीद जगी थी, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। कानूनी औपचारिकताओं के कारण उनके शव को भारत वापस लाने में 36 दिन लग गए।
उनके परिवार में उनके बुजुर्ग माता-पिता, एक भाई और दो बहनें हैं। पूरे गांव ने उनके असामयिक निधन पर शोक व्यक्त किया, वहीं कई स्थानीय नेताओं और निवासियों ने अंतिम संस्कार में शामिल होकर अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं।

