चेन्नई के सत्यबामा इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी में 10 से 14 मार्च तक आयोजित 39वें अखिल भारतीय अंतर-विश्वविद्यालय राष्ट्रीय युवा महोत्सव में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय समग्र सांस्कृतिक चैंपियन के रूप में उभरा है। भारतीय विश्वविद्यालयों के संघ के तत्वावधान में आयोजित इस महोत्सव में देश भर के 142 विश्वविद्यालयों ने भाग लिया।
कुलपति प्रोफेसर सोम नाथ सचदेवा ने इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए छात्रों, प्रशिक्षकों और अधिकारियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह सफलता छात्रों की प्रतिभा, समर्पण और कड़ी मेहनत के साथ-साथ उनके मार्गदर्शकों के प्रतिबद्ध मार्गदर्शन का परिणाम है। उन्होंने आगे कहा कि इस उपलब्धि ने विश्वविद्यालय की समृद्ध सांस्कृतिक परंपरा को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई है और अन्य छात्रों को उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए प्रेरित करेगी।
युवा एवं सांस्कृतिक मामलों के निदेशक, प्रोफेसर विवेक चावला ने कहा कि यह उत्कृष्ट प्रदर्शन निरंतर अभ्यास, अनुशासन और टीम वर्क का परिणाम है। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय ने 16 प्रतियोगिताओं में भाग लिया और 14 स्पर्धाओं में स्थान प्राप्त किया। आर्य पोस्ट ग्रेजुएट कॉलेज, सनातन धर्म कॉलेज और विश्वविद्यालय के विभिन्न शिक्षण विभागों के छात्रों ने विश्वविद्यालय का प्रतिनिधित्व किया और सांस्कृतिक, साहित्यिक और प्रदर्शन कला श्रेणियों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
कुल मिलाकर, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय ने आठ प्रथम स्थान, दो द्वितीय स्थान और चार तृतीय स्थान प्राप्त किए। प्रथम स्थान सांस्कृतिक जुलूस, शास्त्रीय वाद्ययंत्र एकल (गैर-ताल वाद्ययंत्र – सारंगी), रचनात्मक नृत्य कोरियोग्राफी, लोक/आदिवासी नृत्य, मिमिक्री, अंग्रेजी वाद-विवाद और मिट्टी के मॉडल बनाने की प्रतियोगिताओं में जीते गए।
विश्वविद्यालय ने लोक संगीत प्रतियोगिता और हिंदी भाषण में दूसरा स्थान प्राप्त किया, जबकि पश्चिमी वाद्य एकल प्रस्तुति, पश्चिमी समूह गीत और भारतीय समूह गीत में तीसरा स्थान प्राप्त किया। टीम ने नाटक प्रतियोगिता में चौथा स्थान भी हासिल किया। उप निदेशक (जनसंपर्क) डॉ. जिम्मी शर्मा ने बताया कि कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय को नृत्य ट्रॉफी का समग्र विजेता घोषित किया गया, जबकि साहित्य ट्रॉफी में उसे द्वितीय उपविजेता का स्थान प्राप्त हुआ।

