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नक्सलवाद का अंतिम चरण, मुख्यधारा से जुड़े आदिवासी क्षेत्र: तरुण चुघ

Naxalism in its final stages, tribal areas joining the mainstream: Tarun Chugh

31 मार्च । केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नक्सलवाद वाले बयान को भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चघु ने सही बताया है। उन्होंने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि दशकों तक उसके शासन में आदिवासी क्षेत्र नक्सलवाद की आग में झुलसते रहे, भाजपा के राज्य में ही वहां नक्सलवाद खत्म हो रहा है।

भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चघु ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा कि कांग्रेस सरकारों के दौरान न केवल इन इलाकों को विकास से दूर रखा गया, बल्कि सुरक्षा व्यवस्था भी कमजोर रही। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के कार्यकाल में नक्सलवाद को पनपने का मौका मिला, जिससे आदिवासी क्षेत्रों में हिंसा और अस्थिरता बनी रही, जिससे उनको इसका फायदा मिलता रहा। अगर कांग्रेस चाहती तो इसे पहले खत्म कर सकती थी, लेकिन उसने नहीं किया था।

तरुण चुघ ने केंद्र की भारतीय जनता पार्टी सरकार की तारीफ करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सुरक्षा और विकास दोनों मोर्चों पर प्रभावी काम किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के अवसरों को बढ़ाया, जिससे इन इलाकों को राष्ट्रीय मुख्यधारा से जोड़ा जा सका।

चुघ ने दावा किया कि आज नक्सलवाद अपने अंतिम चरण में है और यह सरकार की नीतियों की सफलता का प्रमाण है। उनके अनुसार, केंद्र सरकार की सख्त सुरक्षा रणनीति और विकासपरक दृष्टिकोण ने नक्सली गतिविधियों को काफी हद तक कमजोर कर दिया है।

कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चघु ने कहा कि उनकी राजनीति “डर और भ्रम” फैलाने पर आधारित है। उन्होंने राहुल गांधी को “झूठ का बादशाह” बताते हुए आरोप लगाया कि वे देश को कमजोर दिखाने की कोशिश करते हैं और लगातार भ्रामक बयान देते हैं।

तरुण चघु ने यह भी कहा कि वास्तविकता इसके उलट है और आज भारत पहले से अधिक मजबूत और आत्मनिर्भर बनकर उभरा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि मोदी सरकार ने देश की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने के साथ-साथ विकास को भी प्राथमिकता दी है।

इस बयान के बाद एक बार फिर नक्सलवाद और विकास के मुद्दे पर सियासी बहस तेज होने के आसार हैं, जिसमें सत्तापक्ष अपनी उपलब्धियां गिना रहा है, वहीं विपक्ष इन दावों को चुनौती दे सकता है।

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